सरकारी योजनाओं का लाभ महज 10 फीसदी श्रमिकों तक ही पहुंच पा रहा है।
भीलवाड़ा.
मंगलवार को मजदूर दिवस मनाया जा रहा है । मजदूर हित के दावे होंगे लेकिन असल में मजदूरों के लिए घर, स्वास्थ्य, बीमा, शिक्षा आदि से जुड़ी सरकारी योजनाओं का लाभ महज 10 फीसदी श्रमिकों तक ही पहुंच पा रहा है। श्रम प्रवर्तन विभाग ने श्रमिकों के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं चला रखी है। वहीं ब्लॉक स्तर पर मजदूरों की डायरियां तक नहीं बन पाई। लिहाजा योजनाआें का लाभ समय पर मजदूरों को नहीं मिल पा रहा है। प्रचार-प्रसार के अभाव में भी वास्तविक श्रमिक योजनाओं से वंचित हो रहे है। विभाग में लंबित प्रकरणों का निस्तारण नहीं हो सका।
विभागीय आंकड़ों के अनुसार 1 अप्रेल 2010 से 31 मार्च 2017 तक 57,137 श्रमिक कार्ड तथा 1 अप्रेल 2017 से 3 मार्च 2018 तक एक वर्ष में मात्र 9,948 श्रमिकों का ही पंजीयन किया गया। जिले में कुल 67,085 श्रमिकों का श्रम विभाग में पंजीयन है, मगर योजनाओं का लाभ करीब 6 हजार श्रमिकों को ही मिल सका। मार्च 2018 तक श्रम विभाग से शहरी क्षेत्र के 1,702 व ब्लॉक स्तर के मात्र 276 श्रमिक ही लाभांवित हो सके। जिले की खदानों पर सैकड़ों श्रमिकों में से दस फीसदी का भी श्रम विभाग में पंजीयन नहीं है।सुरक्षा के लिहाज से इनका पंजीयन जरूरी है। विभाग ने नियम भी बना रखे है, लेकिन अधिकारियों ने पंजीयन को लेकर को सख्ती नहीं दिखाई।
विचार गोष्ठी आज :
राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस इंटक के तत्वावधान में मंगलवार को मजदूर दिवस मनाया जा रहा है। इंटक के कार्यकारी जिलाध्यक्ष दीपक व्यास ने बताया कि गांधी मजदूर सेवालय में विचार गोष्ठी होगी। कृषि उपज मंडी पल्लेदार यूनियन अध्यक्ष शंकरलाल नायक ने बताया कि मजदूर दिवस धूमधाम से मनाया जा रहा है।