
CET Senior Secondary Exam New Syllabus Released: राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ने समान पात्रता परीक्षा (सीईटी) सीनियर सेकेंडरी स्तर-2024 की परीक्षा स्कीम और विस्तृत पाठ्यक्रम जारी कर दिया है। बोर्ड के अनुसार इस पात्रता परीक्षा में कुल 150 प्रश्न पूछे जाएंगे। इनका कुल भार 300 अंक का होगा। परीक्षार्थियों को प्रश्नपत्र हल करने के लिए 3 घंटे का समय दिया जाएगा। इस परीक्षा की सबसे बड़ी राहत यह है कि इसमें नकारात्मक अंकन नहीं किया जाएगा। सभी प्रश्न बहुविकल्पीय होंगे और उनका स्तर सीनियर सेकेंडरी कक्षा के समकक्ष होगा।
बोर्ड ने यह भी स्पष्ट किया है कि परीक्षा का उद्देश्य अभ्यर्थियों की मूलभूत समझ, तर्क क्षमता और विषयों पर पकड़ को परखना है। इसके माध्यम से विभिन्न सरकारी भर्तियों के लिए एक समान पात्रता मानक तय किया जाएगा, जिससे चयन प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और सरल बनेगी। अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे पाठ्यक्रम को ध्यान में रखते हुए अपनी तैयारी को मजबूत करें और नियमित रूप से अभ्यास करें। इस परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन करने वाले उम्मीदवार आगामी भर्ती परीक्षाओं के लिए पात्र माने जाएंगे।
बोर्ड ने एक व्यापक पाठ्यक्रम तैयार किया है। इसमें राजस्थान के सामान्य ज्ञान को विशेष प्राथमिकता दी गई है। राजस्थान का इतिहास व संस्कृति में प्राचीन सभ्यताएं जिसमें कालीबंगा, आहड़ आदि, प्रमुख राजवंश, स्थापत्य कला, स्वतंत्रता आंदोलन, लोक भाषाएं, संत, लोक देवता और मेले-त्योहार। भूगोल में भारत के पर्वत, नदियां और वन्य जीव सहित राजस्थान की जलवायु, मृदा, खनिज संपदा और जनसंख्या आंकड़े। राजनीति व अर्थव्यवस्था में भारतीय संविधान की प्रकृति, मौलिक अधिकार और राजस्थान की प्रशासनिक व्यवस्था। राज्य की प्रमुख कृषि आधारित योजनाएं और औद्योगिक विकास।
दैनिक विज्ञान में भौतिक-रासायनिक परिवर्तन, धातु-अधातु, कार्बन के रूप, प्रकाश का परावर्तन, अंतरिक्ष एवं सूचना प्रौद्योगिकी, आनुवंशिकी, रक्त समूह और मानव रोग। गणित व रीजनिंग में वैदिक विधि से वर्ग-मूल, लाभ-हानि, प्रतिशत, त्रिकोणमिति, माध्य-विचलन और तार्किक क्षमता।
भाषा ज्ञान के तहत सामान्य हिन्दी (संधि, समास, मुहावरे) और जनरल इंग्लिश। कम्प्यूटर व करंट अफेयर्स में एमएस ऑफिस का ज्ञान और राजस्थान व अंतरराष्ट्रीय महत्व की समसामयिक घटनाएं। वर्तमान में चर्चित व्यक्ति, स्थान और खेलकूद संबंधी गतिविधियों से जुड़े प्रश्नों का समावेश भी पाठ्यक्रम में किया गया है, जो परीक्षार्थियों की तैयारी के लिए महत्वपूर्ण साबित होंगे।