खान सुरक्षा महानिदेशालय अजमेर करेगी जिंदल की जांच
भीलवाड़ा सांसद दामोदर अग्रवाल की ओर से कोयला, खनन और इस्पात मंत्रालय से जुड़ी स्थायी समिति के अध्यक्ष अनुराग ठाकुर व कलक्टर को जिंदल के खिलाफ लिखे पत्र को भी खनिज विभाग गंभीरता से नहीं ले रहा। जबकि कलक्टर जसमीत सिंह संधू ने विभाग को शिकायत पर तुंरत कार्रवाई के निर्देश देते हुए कमेटी का गठन किया था। कमेटी अध्यक्ष खनिज अभियंता विजशिंकर जयपाल ने मामले में गुरुवार को कमेटी के सदस्यों के साथ बैठक करके कोई ठोस निर्णय नहीं लिया। राजस्व विभाग से जिंदल से जुड़े दस्तावेज पेश करने को कहा।
खान सुरक्षा विभाग अजमेर करेगा जांच
जयपाल ने बताया कि बैठक में राजस्व से जुड़े दस्तावेज मांगे है। अवैध व नियम विरुद्ध हो रही ब्लास्टिंग को लेकर अजमेर स्थित खान सुरक्षा महानिदेशालय (डीजीएमएस) जांच करेगी। उसकी रिपोर्ट आने के बाद ही कोई अंतिम निर्णय होगा।
न्यायालय ने दिया था आदेश
शिकायत कर्ताओं का कहना है कि जिंदल की खनन लीज 627/7 पर भीलवाड़ा कोर्ट ने 2017 में आदेश दिया था। इसमें 34 एमएम कि ब्लास्टिंग ही की जाएगी। तीन से पांच किलोग्राम बारूद डालकर 2 से 3 मीटर घेरे की ब्लास्टिंग की जा सकती है। मामले को लेकर ग्रामीणों का आरोप था कि जिंदल की ओर से कोर्ट के आदेशों की पालना नहीं की जा रही।
सात सदस्य की कमेटी में चर्चा
बैठक में चारागाह भूमि पर अवैध खनन को लेकर चर्चा हुई। उपखंड अधिकारियों व तहसीलदार को जिंदल सॉ व अन्य कंपनियों की ओर से चारागाह भूमि पर खनन करने तथा उसके बदले जमीन दी या नहीं इसे लेकर अगले सप्ताह बैठक करने का निर्णय लिया। कमेटी में भीलवाड़ा व मांडल एसडीएम व तहसीलदार, जल संसाधन विभाग के एसई, प्रदूषण नियंत्रण मंडल के क्षेत्रीय अधिकारी शामिल थे।