
भीलवाड़ा ।
रणथंभौर नेशनल पार्क में होटल व्यवसायियों की ओर से अवैध रूप से पार्क के अंदर पर्यटकों को नाइट सफारी कराने, पार्क क्षेत्र में वॉकी-टॉकी का दुरुपयोग करने व सफारी टाइम से पूर्व जिप्सीयों के पार्क में अवैध प्रवेश के मामले में कानूनी नोटिस भिजवाया गया है। पीपुल फॉर एनीमल्स के प्रदेश प्रभारी बाबूलाल जाजू ने सदस्य सचिव एनटीसी नई दिल्ली, मुख्य सचिव, चीफ वाइल्ड लाइफ वार्डन, अतिरिक्त मुख्य सचिव वन एवं पर्यावरण विभाग व फील्ड डायरेक्टर प्रोजेक्ट टाईगर रणथंभोर को कानूनी नोटिस भिजवाया है।
जाजू ने अधिवक्ता महेन्द्रसिंह कच्छावा के मार्फत नोटिस भेजकर 15 दिवस में रणथंभोर में इन अवैध गतिविधियों को बंद करने के लिए चेताया है।
देशी व विदेशी पर्यटकों से होटल व्यवसायियों की ओर से मोटी रकम वसूलकर अवैध रूप से अपनी होटलों से रणथंभोर में निकाले अवैध रास्तों से उन्हें प्रवेश करवाकर उन्हें नाइट सफारी करवाई जा रही है। इससे वन्यजीवों पर खतरा मंडरा रहा है।
जाजू ने इसे सर्वोच्च न्यायालय के रीट पीटीशन नंबर 460-2004 गोवा फाउण्डेशन बनाम भारत संघ में पारित निर्णय व वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972 का उल्लंघन बताया है। जाजू ने मुख्य सचिव सहित इन सभी को नोटिस देते हुए कहा है कि 15 दिवस की अवधि में यदि इन अवैध गतिविधियों पर रोक नहीं लगी तो न्यायालय की शरण लेकर संपूर्ण अवैध गतिविधियों पर रोक लगवाएंगे।
थाने,चौकि यों और डीएसपी ऑफिस में लगाएं सीसी कैमरे, अदालत में परिवाद दायर
भीलवाड़ा. जिले के थानों, चौकियों और पुलिस उपाधीक्षक कार्यालय में सीसी टीवी कैमरे लगाए जाने को लेकर शनिवार को स्थाई लोक अदालत में परिवाद दायर किया।अदालत ने पुलिस अधीक्षक को नोटिस जारी कर १४ मई को तलब किया है। परिवाद में बताया कि शहर के मुख्य मार्गों पर सीसी टीवी कैमरे लगाए गए है। इससे अपराधियों को पकडऩे में आसानी होगी। पुलिस थानों, चौकियों और पुलिस उपाधीक्षक कार्यालय के साथ चौकिंग पोस्टों पर कैमरे नहीं लगे हुए है।
यहां कैमरे लगाए जाते है तो पुलिस कर्मचारियों द्वारा अभद्रतापूर्ण व्यवहार करने समेत पुलिस के खिलाफ विभिन्न शिकायतों पर रोक लगेगी। परिवाद रामेश्वरलाल चौधरी ने लगाया।