भीलवाड़ा

प्रदेश में स्कूलों के दूध पाउडर पर सख्ती: तीन दिन में होगी भौतिक जांच रिपोर्ट, दोषियों पर होगी कार्रवाई

- मिड-डे मील आयुक्त ने पीईईओ व यूसीईईओ को दिए निरीक्षण के निर्देश - प्रदेशभर के स्कूलों में शुरू होगा भौतिक सत्यापन अभियान - गड़बड़ी पाए जाने पर होगी कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई
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Oct 27, 2025
MP budget includes provision for free distribution of milk in tetra packs
MP budget includes provision for free distribution of milk in tetra packs

मिड-डे मील योजना के तहत विद्यार्थियों को वितरित किए जाने वाले दूध पाउडर में गड़बड़ी की लगातार मिल रही शिकायतों पर अब शिक्षा विभाग सख्त हो गया है। इस संबंध में मिड-डे मील योजना के आयुक्त विश्वमोहन शर्मा ने प्रदेशभर के पीईईओ (प्रधान ब्लॉक शिक्षा अधिकारी) और यूसीईईओ (अपर ब्लॉक शिक्षा अधिकारी) को स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं कि वे अपने क्षेत्राधिकार के कम से कम दो विद्यालयों का निरीक्षण करें तथा अपने अधीनस्थ सभी स्कूलों में दूध पाउडर स्टॉक का भौतिक सत्यापन अनिवार्य रूप से करवाएं। आयुक्त शर्मा ने निर्देश दिए हैं कि सत्यापन के दौरान किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर संबंधित अधिकारी या संस्था के विरुद्ध कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। इस अभियान के तहत प्रदेश के सभी जिलों में स्कूल स्तर पर जांच की जाएगी।

भीलवाड़ा जिले में ही करीब 900 से अधिक सरकारी स्कूलों में दूध पाउडर का भौतिक सत्यापन किया जाएगा। यह कार्य सोमवार से प्रारंभ होगा। सभी पीईईओ और यूसीईईओ अपनी जांच रिपोर्ट जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) को सौंपेंगे। डीईओ की ओर से सभी रिपोर्टों को संकलित कर तीन दिवस के भीतर आयुक्तालय को भेजना सुनिश्चित किया जाएगा। मिड-डे मील आयुक्तालय ने यह भी स्पष्ट किया है कि दूध पाउडर योजना विद्यार्थियों के पोषण स्तर से जुड़ी है, इसलिए इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

Updated on:
27 Oct 2025 09:07 am
Published on:
27 Oct 2025 09:07 am