भीलवाड़ा

महिलाओं को क्या मिला जो सिन्दुर से खेली

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Oct 19, 2018
What did women get from Sindur? in bhilwara
What did women get from Sindur? in bhilwara

भीलवाड़ा ।

श्रृद्धा, आस्था, उत्साह व भक्ति भाव के साथ मां दुर्गा का शुक्रवार को विसर्जन किया। प्रतिमा की शहर की विभिन्न गली मोहल्लों से शोभायात्रा निकाली। इस दौरान युवक-युवतियां नृत्य करते व माता के जयकारे लगाते हुए चल रहे थे। टेम्पो व ट्रेक्टर में सवार प्रतिमा के साथ विराजमान लोग लोगों को प्रसाद देते जा रहे थे तो कुछ युवा गुलाल व अबीर उड़ाते हुए चल रहे थे। जगह-जगह आतिशबाजी भी की गई। इससे पूर्व पाण्डालों में सुबह से ही आरती का दौर चला। विजयीदशमी होने पर सैकड़ों लोगों ने माता के सामने शीष नवाया।

आरके कॉलोनी स्थित एफ सेक्टर के पार्क से दोपहर दो बजे देवी की प्रतिमा के साथ शोभा यात्रा निकाली गई। इसमें क्षेत्र के अलावा आस-पास के लोगों ने हिस्सा लिया। विभिन्न समुदाय की महिलाओं ने माता के दर्शन के दौरान सिंदूर लगाया और प्रसाद ग्रहण किया। युवकों ने ढ़ोल-नगाड़ों के साथ उत्साहपूर्वक नृत्य किया। बाद में उसे मेजा बांध सहित अन्य तालाब में विसर्जन किया।

बिहार नवदुर्गा सेवा समिति की ओर से मनाए जा रहे नवरात्र महोत्सव का शुक्रवार को समापन हुआ। समापन पर सैकड़ों श्रद्धालुओं ने गाजे-बाजे के साथ नाचते-गाते हुए मातारानी की शोभायात्रा निकाली और उनका विसर्जन किया। समिति के सचिव डॉ. अशोक सिंह ने बताया कि सवेरे पण्डित दीपक झा व कविन्द्र और भूपेन्द्र मिश्रा की उपस्थिति में मंत्रोच्चार के साथ शुभ वेला में अपराजिता, पूजन, नीलकंठ दर्शन हुए। दोपहर में विधिविधान पूर्वक दुर्गा माता की विसर्जन किया। तथा शोभायात्रा निकाली। समिति अध्यक्ष जगन्नाथ झा ने बताया कि नौ दिन तक विभिन्न आयोजन किए गए।

नेताजी सुभाष बंगाली सोसायटी की ओर से आयोजित पांच दिवसीय दूर्गा पूजा सिखवाल युवा संस्थान आजादनगर में सम्पन्न हुआ। समिति अध्यक्ष ओजयसिन्हा, सचिव मोलय गोस्वामी ने बताया कि बंगाल के शिल्पीकार के माध्यम से मां दूर्गा की प्रतिमा बनाई गई। पूजा, आरती व नृत्य का आयोजन किया गया। विसर्जन के दौरान महिलाओं ने सिन्दुर लगाकर सिन्दुर खेला।

Published on:
19 Oct 2018 09:01 pm