भीलवाड़ा

महायुद्ध का असर: प्रदेश में मंडराया गैस संकट, लेकिन भीलवाड़ा के 8 हजार घरों में ‘पीएनजी’ से सुकून

अमरीका-इजराइल-ईरान तनाव के बीच रसोई गैस की भारी किल्लत; शहर में पीएनजी नेटवर्क बना ढाल

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Mar 26, 2026
महायुद्ध का असर: प्रदेश में मंडराया गैस संकट, लेकिन भीलवाड़ा के 8 हजार घरों में 'पीएनजी' से सुकून

अमरीका-इजराइल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध ने देश व प्रदेश में घरेलू गैस का बड़ा संकट खड़ा कर दिया है। गैस एजेंसियों के बाहर आम उपभोक्ताओं की लंबी कतारें लगने लगी हैं, लेकिन भीलवाड़ा शहर के निवासियों के लिए यह वैश्विक संकट ज्यादा परेशानी का सबब नहीं बन पाया है। इसका मुख्य कारण शहर में तेजी से बिछ रहा पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) का नेटवर्क है। शहर की एक दर्जन से अधिक कॉलोनियों में सिलेंडर की जगह अब सीधे पाइप लाइन से गैस रसोई तक पहुंच रही है। इससे गैस एजेंसियों के बाहर भीड़ काफी कम है।

पेट्रोलियम एवं नेचुरल गैस रेग्युलेटरी बोर्ड की ओर से यह जिम्मा अडाणी को सौंपा गया है। कंपनी शहर में 200 किलोमीटर की पाइपलाइन बिछाकर 8 हजार से अधिक घरों को सीधे पीएनजी कनेक्शन से जोड़ चुकी है।

शहर में पाइपलाइन का मौजूदा स्टेटस

शहर के अलग-अलग हिस्सों में गैस पाइपलाइन बिछाने का काम युद्ध स्तर पर जारी है। आरसी व्यास, आरके कॉलोनी और विजय सिंह पथिक नगर में काम पूरा होकर कनेक्शन चालू है। आजाद नगर, बापू नगर, न्यू बापू नगर और पटेल नगर में 70-80 प्रतिशत काम पूरा होने के साथ कनेक्शन दिए जा रहे हैं। सुभाष नगर, शास्त्री नगर, तिलक नगर, वैभव नगर, श्याम नगर और ज्योति नगर में भी गैस कनेक्शन देने का काम चल रहा है।

उद्योगों व व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को भी संजीवनी

पीएनजी का फायदा सिर्फ घरों तक सीमित नहीं है, बल्कि संकट के इस दौर में यह उद्योगों को भी राहत दे रहा है। अब तक 20 कमर्शियल और 20 इंडस्ट्रियल कनेक्शन दिए जा चुके हैं। इसके लिए कोटा से भीलवाड़ा के कांदा गांव तक 180 किमी लंबी मुख्य लाइन बिछाई गई थी। कांदा में गेल इंडिया का टर्मिनल पॉइंट बनाया गया है। यह लाइन कांदा से आगे चित्तौड़गढ़ के चंदेरिया में हिंदुस्तान जिंक तक पहुंच गई है।

प्रोसेस हाउस संचालकों से वार्ता

कंपनी के अधिकारी राजेश छीपा ने बताया कि गैस संकट को देखते हुए दो दिन पहले ही प्रोसेस हाउस संचालकों से गैस को लेकर चर्चा की गई है। शहर में 25 से अधिक प्रोसेस व डाई हाउस हैं। छीपा ने बताया कि गैस कनेक्शन के फायदे भी हैं। यह नेचुरल गैस होती है जो हवा में आसानी से घुल जाती है। पीएनजी में पाइपलाइन बिछाते समय घर के बाहर एक मीटर लगा दिया जाता है, इससे खपत देखकर उपभोक्ता खुद ही पेमेंट कर देता है। कंपनी की और से दो महीने में बिल का प्रावधान रखा गया है। घर कनेक्शन के लिए 6 हजार रुपए प्रति कनेक्शन चार्ज लिया जा रहा है। यह राशि रिफंडेबल होगी। इसके अलावा 300 रुपए प्रति कनेक्शन नोन रिफंडेबल चार्ज लिया जा रहा है।

Published on:
26 Mar 2026 09:53 am
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