भोपाल

मध्यप्रदेश में 88 प्लांट्स में प्राणवायु बनना शुरू, सितंबर अंत तक 102 और बनेंगे

दावा है कि सितंबर के अंत तक सभी प्लांट से उत्पादन शुरू हो जाएगा

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Sep 08, 2021
कोरोना की दूसरी लहर में प्रदेश में ट्रेनों के जरिए भी प्राणवायु बुलाई गई थी।

भोपाल. मध्यप्रदेश में कोरोना की तीसरी लहर से निपटने के लिए व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं। सरकार का दावा है कि प्रदेश में स्थापित किए जा रहे 190 ऑक्सीजन प्लांट्स में से 88 प्लांट चालू हो गए हैं। इनकी ऑक्सीजन क्षमता 45 हजार 890 लीटर प्रति मिनट है। सितम्बर के अंत तक बाकी 102 प्लांट्स में भी ऑक्सीजन का उत्पादन शुरू हो जाएगा।
ये प्रदेश के लिए राहत भर खबर है। उत्पादन बढऩे से अब ऑक्सीजन आयात करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। सरकार की कोशिश है कि सभी जिला मुख्यालयों सहित तहसील स्तर पर भी ऑक्सीजन प्लांट्स लग जाएं।

पहले ट्रेन, सड़क मार्ग से लाए थे ऑक्सीजन
इससे पहले कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर में भारतीय सेना के वायुयान, हेलिकाप्टर, रेल के साथ सड़क मार्ग से टैंकरों द्वारा ऑक्सीजन प्रदेश में लाई गई थी।

4.94 करोड़ को लगी वैक्सीन
इधर, कोरोना टीकाकरण महाअभियानों से आई जागरूकता का परिणाम है कि प्रदेश में अब तक 4 करोड़ 94 लाख वैक्सीन डोज लगाए जा जा चुके हैं। मंगलवार को सभी जिलों में 2.26 लाख लोगों को वैक्सीन लगी।

63 से ज्यादा जांचें, 11 पॉजिटिव मिले
प्रदेश में कोरोना की जांच लगातार जारी है। मंगलवार को 63 हजार 644 जांचें की गईं। इनमें कोरोना के 11 पॉजिटिव प्रकरण आए और 9 कोरोना रोगी स्वस्थ होकर डिस्चार्ज हुए। जबलपुर में 5, भोपाल में 2 और अनुपपुर, ग्वालियर, इंदौर, उज्जैन में कोरोना का एक-एक मरीज मिला। प्रदेश की कोरोना पॉजिटिविटी दर 0.01 प्रतिशत रही।

Published on:
08 Sept 2021 01:58 am
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