MP News: मप्र के इतिहास की अब तक की सबसे बड़ी 32 अरब की साइबर ठगी में भी 80 से ज्यादा फर्जी बैंक खाते पकड़े गए है।
MP News: मध्यप्रदेश में संदिग्ध सिम विक्रताओं के खिलाफ ऑपरेशन फास्ट चलाकर शिकंजा कसने वाले राज्य साइबर सेल अब म्यूल खातों के खिलाफ बड़ा ऑपरेशन चलाने की तैयारी की जा रही है। साइबर सेल की गठित टीम के मुताबिक प्रदेश में करीब साढ़े तीन लाख से ज्यादा फर्जी खाते यानी म्यूल एकाउंट एक्टिव हैं। जिनकी कुंडली राज्य साइबर सेल ने तैयार की है।
अब जिला पुलिस इन फर्जी एक्टिव बैंक खाताधारकों की जानकारी मंगवाई है। इसके बाद जिला पुलिस सूची तैयार कर राज्य साइबर सेल द्वारा सौंपी जाएगी। इसके बाद दबिश देकर एक साथ प्रदेशभर में गिरफ्तारी की जाएगी।
म्यूल खातों के खिलाफ राज्य साइबर सेल का अभियान जारी है। फरवरी माह में साइबर सेल 53 जिलों में अभियान चलाकर 26 एफआइआर दर्ज की और 46 गिरफ्तारियां की। इसमें तीन अंतरराज्यीय और एक अंतरराष्ट्रीय गिरोह की पहचान की। आरोपियों के पास से 32 लाख जब्त कर 13 बैंक खाते भी फ्रीज किए है। इसी कड़ी में राज्य साइबर सेल आगे की कार्रवाई करते हुए बड़ा ऑपरेशन की तैयारी में। प्रदेशभर में म्यूल खातों के 11 सबसे बड़े हॉटस्पॉट है। इसमें जबलपुर, रीवा, ग्वालियर, इंदौर और उज्जैन जिला शामिल है।
मप्र के इतिहास की अब तक की सबसे बड़ी 32 अरब की साइबर ठगी में भी 80 से ज्यादा फर्जी बैंक खाते पकड़े गए है। जिसमें क्रेडिट कार्ड के फ्रॉड से लेकर निवेश और डिजिटल अरेस्ट के अरबों रुपए आए है। ये खाते फर्जी है। जिनकी जांच एसटीएफ कर रही है। जानकारी के अनुसार म्यूल खातों का उपयोग साइबर ठगी के लिए किया जा रहा है। जिसमें ठगी के पैसे भेजे जा रहे हैं।
प्रदेश में हुई कुछ साइबर ठगी में जांच के दौरान मिले म्यूल खातों में सभी के 90 प्रतिशत ट्रांजेक्शन विदेशों में हो रहे है। दुबई और म्यानमार जैसे देशों में ठगी का अरबों रूपए म्यूल खातों से भेजा जाता है। सूत्रों के मुताबिक केंद्रीय जांच एजेंसियां भी मामले की जांच कर रही हैं।
म्यूल खातों के खिलाफ राज्य साइबर सेल लगातार कार्रवाई कर रही है। टीम ने ऐसे गिरोह को चिह्नित कर रही हैं। कोई खातों के संदिग्ध लेनदेन की बात करता है तो इसकी सूचना पुलिस दें। - प्रणय नागवंशी, एसपी, राज्य साइबर सेल