
Bhopal- एमपी की राजधानी भोपाल की कायापलट हो रही है। राजधानी में एक और शहर बसाया जा रहा है जिसे भविष्य की सिटी कहा जा रहा है। भोपाल विकास प्राधिकरण (बीडीए) ने यह कवायद की है। राजधानी के दक्षिणी छोर परने मिसरोद, भैरोंपुर और बर्रई के बीच 180.56 हेक्टेयर भूमि पर एक विशाल इंटीग्रेटेड टाउनशिप (एकीकृत आवासीय क्षेत्र) विकसित करने की योजना का अनावरण किया है। आने वाले दशकों के लिए एक आदर्श शहरी बस्ती के रूप में परिकल्पित इस परियोजना को वर्ष 2080 तक भोपाल की विकास आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए डिजाइन किया जा रहा है। प्रस्तावित टाउनशिप में एक सुनियोजित सड़क नेटवर्क होगा, जिसमें फुटपाथ के साथ 12-मीटर, 18-मीटर और 30- मीटर चौड़ी सड़कें शामिल हैं। इस लेआउट में स्कूलों, नर्सिंग होम, पुलिस चौकियों, शॉङ्क्षपग सेंटरों, खेल सुविधाओं, पार्कों और अन्य नागरिक बुनियादी ढांचों के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं।
बीडीए के सीईओ श्यामबीर सिंह ने बताया कि परियोजना के लिए निविदाएं (टेंडर) पहले ही जारी की जा चुकी हैं और निर्माण एजेंसी फाइनल होते ही काम शुरू हो जाएगा। इस योजना के माध्यम से शहर के दक्षिणी छोर को एक पूर्णत: आधुनिक टाउनशिप के रूप में विकसित किया जाएगा।
बीडीए अधिकारियों ने बताया कि इस क्षेत्र में अनियमित और बेतरतीब विकास को रोकने के लिए यह योजना तैयार की गई है। टाउनशिप को संतुलित भूमि उपयोग, पर्याप्त हरित क्षेत्र और सार्वजनिक सुविधाओं तक आसान पहुंच के माध्यम से निवासियों के जीवन स्तर को सुधारने की अवधारणा पर डिजाइन किया गया है।
भूमिगत यूटिलिटी नेटवर्क और वैज्ञानिक रूप से नियोजित ड्रेनेज, जलापूर्ति व बिजली बुनियादी ढांचे का प्रस्ताव है। अधिकारियों ने कहा कि इन प्रणालियों को इस तरह डिजाइन किया जा रहा है ताकि भविष्य में सड़क काटने और रखरखाव से जुड़ी बाधाओं को कम किया जा सके।
कुल टाउनशिप क्षेत्र: 180.56 हेक्टेयर
सड़क नेटवर्क: 12 से 30 मीटर तक चौड़ी सड़कें
पैदल मार्ग: 1.8 मीटर चौड़े समर्पित फुटपाथ
आवासीय व्यवस्था: सेक्टर-आधारित योजना के साथ आवासीय भूखंड
सुविधाएं: स्कूल, नर्सिंग होम और पुलिस सुविधाएं
मनोरंजन: स्पोर्ट्स कॉ्म्पलेक्स और शॉपिंग सेंटर
तकनीकी ढांचा: बिजली सब-स्टेशन, एसटीपी और जलापूर्ति इंफ्रास्ट्रक्चर
हरियाली: कई पार्क और खुले स्थान (ओपन स्पेस)
परिवहन: सिटी बस टर्मिनस