लता वानखेड़े ने लिखा है कि लोक सेवक के कर्तव्यों की अवहेलना करने वाली अधिकारी के खिलाफ अपराधिक प्रकरण दर्ज होना चाहिए।
भोपाल। राजधानी में कुछ दिन पहले हुए गैंगरेप पर हंसने वाली भोपाल की पूर्व रेल एसपी अनीता मालवीय के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए महिला आयोग ने बुधवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को पत्र लिखा, जिसमें महिला आयोग की अध्यक्ष लता वानखेड़े ने अपराधिक प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई करने की मांग की।
लता वानखेड़े ने लिखा है कि लोक सेवक के कर्तव्यों की अवहेलना करने वाली अधिकारी के खिलाफ अपराधिक प्रकरण दर्ज होना चाहिए। चूंकि अधिकारी भी महिला है और एक महिला के साथ हुए दुष्कर्म को वह मजाक के रूप में ले रही थी। अधिकारी का स्थानांतरण बस किसी तरह से उनकी प्रवृत्ति नहीं बदल सकता।
उधर आरोपियों ने बताया, उन्होंने कैसे क्या किया
भोपाल. छात्रा से गैंगरेप के चारों आरोपी गोलू, अमर, राजेश और रमेश का पुलिस ने बुधवार को आमना-सामना कराया। पुलिस सभी आरोपियों को वारदात का रिक्रिएशन कराने घटनास्थल पर लेकर पहुंची। वहां अधिकारियों ने देखा कि आरोपी कहां बैठे थे, उन्होंने छात्रा पर हमला कैसे किया। इस दौरान आरोपियों के चेहरे पर सिकन तक नहीं थी। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मौके पर आरोपियों ने जो घटनाक्रम बताया और जिसे क्रम से करवाकर मिलाया गया तो वह पीडि़ता के बयानों से पूरी तरह मैच कर गए।
गोलू की गंदी करतूत का शिकार हुए सब
इधर, बुधवार दोपहर करीब साढ़े बारह बजे पुलिस आरोपियों को घटना स्थल लेकर जाने वाली थी। इसी बीच जीआरपी के एक सिपाही ने रमेश से घटना के बारे में पूछा। रमेश तुरंत ही खड़ा होकर बोला! साहब यह सब गोलू की गंदी करतूत की वजह से हुआ है। इसी ने पूरी साजिश रची थी। हम लोग लड़की को छोडऩे के लिए कह रहे थे, लेकिन यह नहीं माना। गोलू, अमर और राजेश का स्थायी पता मिल गया है, जबकि, रमेश के पहचान की पुष्टि नहीं कर पाई।
तीन आरोपियों के पते हुए वेरिफाई
चार आरोपियों में से गोलू, अमर और राजेश का स्थायी पता मिल गया है। जबकि, रमेश के पहचान की पुष्टि नहीं कर पाई। पुलिस को अब तक रमेश के पास पहचान संबंधी सरकारी दस्तावेज भी नहीं मिले हैं। गोलू, रमेश मानसरोवर कांप्लेक्स के पास शांति नगर बस्ती में रहते हैं। पुलिस चारों आरोपियों को लेकर बुधवार को उनके पते पर पहुंंची, जहां पुलिस ने उनका पता वेरिफाई किया। इसके अलावा घटनास्थल से पुलिस ने नाले पानी, जमीन की धूल को सबूत के तौर पर समेटा।
एसआईटी की हुई बैठक
जीआरपी टीआई हेमंत श्रीवास्तव ने बताया कि बुधवार को मामले की जांच के लिए गठित की गई एसआईटी की बैठक हुई। बैठक में अब तक जुटाए गए साक्ष्य समेत १५ दिन के अंदर चालान पेश करने को लेकर चर्चा हुई। बैठक में पुलिस मुख्यालय के भी कई अधिकारी मौजूद रहे।