भोपाल

भोपाल-इंदौर 2 घंटे में! 10 हजार करोड़ का ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे, इस शहर से होगा नया लिंक

Bhopal Indore greenfield Express way: भोपाल से इंदौर जाने में अब आधा होगा समय, 10 हजार करोड़े से बनेगा हाईस्पीड कॉरिडोर, ये ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे बनने के बाद आधा रह जाएगा सफर...
2 min read
May 05, 2026
Bhopal Indore Greenfield Express way high speed corridor
Bhopal Indore Greenfield Express way high speed corridor (photo: freepik)

Bhopal Indore greenfield Express way : भोपाल-इंदौर ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे में भोपाल का 24 हेक्टेयर वन प्रभावित होगा। रायसेन मिलाकर ये 52 हेक्टेयर होगा। इटाया कला से ये सीहोर के इछावर की ओर वनक्षेत्र से गुजरेगा। सीहोर से ये 20 किमी दूर है। इसकी डिजाइन तैयार की जा रही है। भोपाल से 30 किमी दूरी से एक्सप्रेस वे शुरू होगा जो रायसेन जिले का हिस्सा है। इसी बीच रायसेन, भोपाल व इछावर में इसके लिए जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया भी शुरू की है। नेशनल हाइवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने डिजाइन के लिए कंसल्टेंट नियुक्त कर दिया है। अगले दो साल्यानीयानि ङ्क्षसहस्थ 2028 से पहले इसका निर्माण पूरा करना है, इसलिए काम काफी तेजी से हो रहा है। दस हजार करोड़ रुपए इसका बजट आंकलित किया जा रहा है।

अभी इंदौर के लिए तीन प्रमुख रास्ते

इंदौर के लिए बैरागढ़, सीहोर का रास्ता है। इसकी लंबाई 210 किमी है। भोपाल के नीलबड़-रातीबढ़ होते हुए सीहोर और फिर इंदौर का रास्ता है। ये भी 200 किमी है। कोलार सिक्सलेन से सलकनपुर वाले रास्ते से इंदौर के लिए रास्ता बनेगा।

ऐसे समझें प्रोजेक्ट

-भोपाल, सीहोर, रायसेन और देवास जिलों के जिन क्षेत्रों से गुजरेगा वहां की आबादी 65 लाख है।

- प्रोजेक्ट के लिए 158.25 हेक्टेयर वन भूमि का उपयोग किया जाना है

- भोपाल और इंदौर के बीच की मौजूदा दूरी 188 किलोमीटर है अभी

- हाई-स्पीड कॉरिडोर से ये दूरी 50 किलोमीटर तक घटेगी

- 1.30 से 2 घंटे के बीच सफर तय होगा

- रायसेन के इटाया कला से शुरू होकर भोपाल, सीहोर और देवास जिलों से होकर गुजरेगी करनावद के पास समाप्त तक होगा कॉरिडोर

- नया मार्ग भोपाल से 30 किमी दूरी से शुरू होकर जो इछावर, सीहोर और आष्टा से गुजरेगा ठ्ठ भोपाल को इछावर के रास्ते सीहोर से जोड़ा जाएगा, हाटपिपलिया, बागली के रास्ते देवास जुड़ेगा

क्या होंगे फायदे?

  • ट्रैफिक जाम से मिलेगी राहत
  • समय के साथ ही पेट्रोल और डीजल भी बचेगा
  • भोपाल-इंदौर यात्रा होगा सबसे तेज और आसान भी
  • व्यापार बढ़ेगा
  • पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
  • 62 लाख की आबादी को इसका फायदा मिलेगा

कहां से गुरजरेगा ये हाई स्पीड कॉरिडोर

  • इसकी शुरुआत होगी रायसेन जिले के इटाया कला से
  • इसका रूट रहेगा इछावर-सीहोर-आष्टा-देवास
  • ये हाई स्पीड कॉरिडोर देवास के करनावद के पास समाप्त होगा।

वन क्षेत्र पर क्या होगा असर

-भोपाल-इंदौर ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे बनाने से भोपाल में 24 हेक्टेयर वन क्षेत्र प्रभावित होगा।

-रायसेन को भी जोड़ा जाए, तो कुल 52 हेक्टेयर वन क्षेत्र पर इसका असर दिखेगा।

-पूरे प्रोजेक्ट के लिहाज से करीब 158.25 हेक्टेयर वन भूमि का उपयोग इस हाई स्पीड कॉरिडोर को बनाने के लिए किया जाएगा।

अभी कौन-कौन से हैं रास्ते

-वर्तमान में भोपाल से इंदौर के सफर के लिए बैरागढ़-सीहोर मार्ग है, जो 210 किमी लंबा है।

-नीलबड़-रातीबड़ मार्ग-200 किमी

-नया एक्सप्रेस वे जो अब तैयार होगा उसकी दूरी 50 किमी तक कम होगी।

प्रोजेक्ट की टाइमलाइन

-2019 में शुरू हो गई थी प्लानिंग

-2026 में डिजाइन और जमीन अधिग्रहण का काम जारी

-2028 सिंहस्थ से पहले इसका निर्माण पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है

Updated on:
05 May 2026 10:35 am
Published on:
05 May 2026 10:32 am