
MP News :मध्य प्रदेश में 27 फीसदी ओबीसी आरक्षण रद्द होने के बाद शनिवार को राजधानी भोपाल स्थित पीसीसी कार्यालय में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्षजीतू पटवारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान दोनों नेताओं द्वारा राज्य सरकार पर जमकर निशाना साधा गया। वहीं, प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि, जल्द ही वो इस मामले को सुप्रीम कोर्ट लेकर जाएगी।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पीसीसी चीफ जीतू पटवारी, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार और कांग्रेस नेत्री विभा पटेल समेत कई नेता शामिल रहे। इस दौरान पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने पूरे मामले में पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और भाजपा 'महाखलनायक' बताया। उन्होंने ये भी कहा कि, ये सब आरएसएस के इशारे पर हो रहा है। वहीं, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सरकार पर आरोप लगाया कि, वो 14 फीसद से 27 फीसद आरक्षण लागू नही होने देना चाहती। उन्होंने कहा कि, सरकार ने कोर्ट में सही डेटा न देकर ओबीसी समाज की पीठ पर छुरा घोंपा है।
इस सबंध में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने अपने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर जानकारी देते हुए कहा कि, 'भाजपा सरकार की ओबीसी आरक्षण विरोधी मानसिकता के खिलाफ आज पीसीसी कार्यालय में प्रेस वार्ता को संबोधित किया। ओबीसी वर्ग के अधिकारों के साथ खिलवाड़ और हक छीने जाने की इस साजिश को कांग्रेस पार्टी कतई बर्दाश्त नहीं करेगी। इस तानाशाही और अन्याय के खिलाफ हमारी यह कानूनी और वैचारिक लड़ाई सड़क से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक जारी रहेगी!'
उमंग सिंघार ने कहा कि, 'जिसकी जितनी हिस्सेदारी, उतनी उसकी भागीदारी! जननायक राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी का संदेश स्पष्ट है, जिसकी जितनी आबादी, उसकी उतनी हिस्सेदारी। हर वर्ग को उसकी जनसंख्या के अनुपात में अधिकार मिलना चाहिए। सामाजिक न्याय ही कांग्रेस पार्टी का संकल्प है!'
इस दौरान जीतू पटवारी ने कहा कि, ओबीसी आरक्षण 27 फीसदी न होने देने के लिए भाजपा सरकार ने 200 करोड़ रुपए खर्च किए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि, सरकार ने वकीलों को एक पेशी के लिए एक बार में 55 लाख रुपए दिए। इसके बाद सुनवाई में हर बार डेट लगने पर सरकार एक करोड़ रुपए खर्च करती रही। पटवारी ने ये आरोप भी लगाया कि, भाजपा ने ओबीसी आरक्षण बढ़ने से रोकने के लिए षड्यंत्र किया। कांग्रेस पार्टी हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट जाएगी। इसमें जितना भी खर्च होगा, कांग्रेस पार्टी वहन करेगी।