अप्रैल में भोपाल और जबलपुर में शुरूआत
भोपाल. चुनावी साल में मध्यप्रदेश कांग्रेस जनाधार बढ़ाने सलाह केंद्र शुरू करने जा रही है। पार्टी सलाह केंद्र के माध्यम से आमजन की मदद करेगी। कानूनी मामलों से लेकर सरकारी कामकाज में आने वाली दिक्कतें तक के समाधान की दिशा में काम किया जाएगा। इसकी शुरूआत भोपाल और जबलपुर में अप्रैल से होगी। इसके बाद यह काम संभाग और जिलास्तर पर भी होगा। साथ कांग्रेस ने ब्लाक स्तर पर भी इस रणनीति की कवायद शुरू कर दी है।
जबलपुर से मिलेगी कानूनी सलाह
जबलपुर के सलाह केंद्र में कानून के जानकार मौजूद रहेंगे। यहां आने वाले लोगों को कानूनी सलाह के साथ ही कोर्ट संबंधी तमाम जानकारी दी जाएगी। यदि लोगों को कोर्ट के कामकाज में कोई असुविधा है तो उसे दूर करने का प्रयास किया जाएगा। इसके बाद लोगों को जिलास्तर पर यह सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इसकी तैयारी कांग्रेस की लीगल सेल कर रही है। इनके शुरू होने की तिथि की घोषणा होना शेष है।
आरटीआइ और जांच संबंधी मामले देखे जाएंगे
भोपाल के सलाह केंद्र में एक अप्रैल से लोगों को सूचना का अधिकार कानून के तहत जानकारी दिलाने संबंधी मामले देखे जाएंगे। लोकायुक्त, ईओडब्ल्यू आदि में फंसे मामलों को देखा जाएगा। सरकारी विभाग से आरटीआइ के तहत जानकारी लेने वालों को बताया जाएगा कि आवेदन कहां और कैसे करें। यदि जांच एजेंसियों में मामला लंबित है, जानकारी नहीं मिल रही है या किसी को गलत सजा मिली है तो कानूनी राय दी जाएगी।
जानकारी पाने आरटीआइ बड़ा कानूनी अधिकार है। इस केंद्र के माध्यम से लोगों को जागरूक करते हुए मदद की जाए। जांच मामलों में भी इसी प्रकार की मदद की जाएगी।
-अजय दुबे, अध्यक्ष, आइटी डिपार्टमेंट, कांग्रेस
हमारा प्रयास अधिक से अधिक लोगों को कानूनी सलाह उपलब्ध कराना है। लीगल डिपार्टमेंट फोरम की तरह काम करेगा। जिलास्तर पर भी फोरम होंगे।
-विवेक तनखा, अध्यक्ष लीगल, ह्यूमन राइट एंड आरटीआइ डिपार्टमेंट कांगे्रस