माघ शुक्ल पूर्णिमा पर बुधवार को चंद्रग्रहण रहेगा। इस साल का यह पहला खग्रास चंद्रग्रहण होगा, जो भोपाल सहित पूरे भारतवर्ष में दिखाई देगा।
भोपाल। माघ शुक्ल पूर्णिमा पर बुधवार को चंद्रग्रहण रहेगा। इस साल का यह पहला खग्रास चंद्रग्रहण होगा, जो भोपाल सहित पूरे भारतवर्ष में दिखाई देगा। यह ग्रहण अनुसंधान का विषय भी बनेगा, क्योकि इस दिन ग्रहण के साथ-साथ सुपरमून, ब्लू मून और ब्लड मून भी रहेगा। इस लिहाज से यह ग्रहण खास होगा।
खग्रास ग्रहण, ग्रस्तोदय स्थिति में रहेगा
ज्योतिष मठ संस्थान के पं. विनोद गौतम ने बताया कि यह खग्रास चंद्रग्रहण होगा, जो ग्रस्तोदय स्थिति में दिखाई देगा। इसका स्पर्श पश्चिम से होगा अैर मोक्ष दक्षिण पूर्व कोने में होगा। चंद्रग्रहण का सूतक 9 घंटे पहले व सूर्यग्रहण का 12 घंटे पहले मान्य किया जाता है, इसलिए इसका सूतक सुबह 8 बजकर 18 मिनट से शुरू हो जाएगा। इस दौरान पूजा पाठ, प्रतिमा स्पर्श आदि नहीं किया जाता है। ग्रहण अवधि में मंत्र जाप, साधना आदि करना चाहिए। स्नान कर ग्रहण का दान करना चाहिए।
शाम को आंचलिक विज्ञान केंद्र में देख सकेंगे नजारा
आंचलिक विज्ञान केंद्र में पूर्ण ग्रहण और इस खगोलीय घटना को देखने के लिए विशेष व्यवस्था की जाएगी। केंद्र के प्रकल्प समन्वयक प्रबॉल राय ने बताया कि एकसाथ ब्लू मून, सुपरमून और ब्लड मून जैसी स्थिति बहुत कम बनती है। यह अनूठी खगोलीय घटना होगी। इसे लोग नंगी आंखों से भी देख सकते हैं, साथ ही आंचलिक विज्ञान केंद्र में इसे देखने के लिए टेलीस्कोप की व्यवस्था की जाएगी। यह व्यवस्था शाम 6 बजे से रहेगी, और लोगों को पूर्ण ग्रहण, चंद्रमा के स्वरूप के बारे में जानकारी दी जाएगी।
चन्द्रग्रहण के समय चन्द्रमा पृथ्वी के करीब होने के कारण काफी बड़े आकार का दिखेगा जिसे सुपर मून भी कहा जा रहा है। ज्योतिषशास्त्री कह रहे हैं कि कुछ समय के लिए ग्रहण के दौरान चन्द्रमा लालिमा लिए नजर आ सकता है। यह चन्द्रग्रहण सैनिकों, कृषकों के लिए शुभ फलदायी नहीं है।
किन राशियों के लिए कैसा होगा ग्रहण
मेष - व्यथा
वृष - श्री कारक
मिथुन - क्षति
कर्क - घातकारी
सिंह - हानिकारक
कन्या - लाभकारी
तुला - सुखदायक
वृश्चिक - मानहानि
धनु - कष्टकारी
मकर - स्त्रीकष्ट
कुंभ - सौभाग्यकारी
मीन - चिंताकारी