Kamalnath BJP Case Manjinder Singh Sirsa
Kamalnath BJP Case- लोकसभा चुनावों के पहले एमपी के दिग्गज कांग्रेस नेता कमलनाथ के बीजेपी Kamalnath in BJP Case में जाने की अटकलें लगाई जा रहीं थीं। वे अपने सांसद पुत्र नकुलनाथ के साथ बीजेपी नेताओं से मिलने दिल्ली पहुंच भी गए थे। हालांकि ऐन वक्त पर उन्हें मना कर दिया गया और बीजेपी में उनकी एंट्री नहीं हो सकी। कमलनाथ को पार्टी में क्योें शामिल नहीं किया गया, बीजेपी के राष्ट्रीय सचिव मनजिंदर सिंह सिरसा ने इसका राज खोला है।
भोपाल के दौरे पर आए मनजिंदर सिंह सिरसा ने बाकायदा प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाकर कमलनाथ की बीजेपी Kamalnath BJP Case में एंट्री नहीं होने के कारणों का खुलासा किया। मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा कि साल 1984 के दंगों में सिखों के कत्लेआम में कमलनाथ का बड़ा हाथ था। उनके जैसे कातिलों को बीजेपी कभी नहीं लेगी।
उन्होंने कमलनाथ और कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि 1980 से 1997 तक पंजाब में सिखों को मरवा दिया गया। एक लाख सिख मारे गए। 30 हजार लाशों का तो पता तक नहीं चला। 20 हजार सिखों के गले में टायर डालकर आग लगा दी गई। सिखों के कातिलों को साथ बिठाकर कांग्रेस हमें चिढ़ाती थी लेकिन पीएम नरेंद्र मोदी ने ऐसे लोगों को ठिकाने लगा दिया है।
प्रेस वार्ता में सिरसा बोले— 1984 के दंगों में सिखों के कत्लेआम में कमलनाथ का बड़ा हाथ रहा। तब हजारों बेकसूर सिखों को जिंदा जला दिया गया था। कमलनाथ के साथ छिंदवाड़ा के ही लोग थे। उनमें से कई लोगों का पता भी कमलनाथ के निवास का था। बीजेपी भला इन्हें कैसे लेगी।
मनजिंदर सिंह सिरसा ने सिख समाज से मोदी सरकार के लिए एकतरफा वोट देने की अपील की। उन्होंने यह भी साफ कर दिया कि इसी संबंध में मैं सिख समाज से बात करने भोपाल आया हूं। पहले बाबर, अकबर, औरंगजेब का इतिहास पढ़ाया जाता था लेकिन पीएम मोदी ने गुरु गोविंद सिंह और अन्य सिखों के बारे में पढ़वाना शुरु किया। कांग्रेस पराया माल अपना करने के लिए ही राम नाम जपती है। कर्नाटक की सरकार ने मंदिरों में टैक्स लगाया है। विरासत टैक्ट लगाकर आपके आधे पैसे छीन लिए जाएंगे।