- इसमें 8 लाख 45 हजार का मावा, पनीर, नमकीन जब्त, एक क्विंटल मावा फिंकवाया, 10 पर एफआईआर तीन पर रासुका
भोपाल। मिलावट के खिलाफ चलाए गए शुद्ध के लिए युद्ध अभियान के अंतर्गत भोपाल जिले में 481 सैम्पल जांच के लिए स्टेट लैब में भेजे हैं। इसमें सबसे ज्यादा सैंम्पल भैंस के दूध के हैैं, इसके बाद पनीर और घीे के सैम्पल हैं। पहली बार राजधानी में अंडे और पान के सैम्पल भी लिए गए हैं। इसमें से 282 सैम्पलों की रिपोर्ट ही प्राप्त हुई है। बाकी रिपोर्ट आना बाकी है। इस अभियान के तहत 8 लाख 45 हजार का मावा, पनीर, नमकीन जब्त किया गया है। एक क्विंटल मावा फिंकवाया गया। सैम्पल अवमानक पाए जाने पर 10 लोगों पर एफआईआर की गई और 3 पर रासुका के तहत कार्रवाई की गई है।
भोपाल जिले की अब तक की रिपोर्ट में सबसे ज्यादा सैम्पल भैंस दूध के 71 हैं। इसके बाद मिठाई व अन्य दूध उत्पादों से बने खाद्य पदार्थों के सैम्पल की संख्या 79 है। मावा के 35 सैम्पल और पनीर के 38, घी के सैम्पलों की संख्या 36 है। इसमें से 54 सैम्पल फेल हुए हैं, जिसमें धारा 46(4) के तहत कार्रवाई की गई है। 23 केस कोर्ट में भेजे गए हैं। 13 केस में कोर्ट के फैसले के बाद 12 लाख 10 हजार का जुर्माना लगाया गया है, जिसमें 4.55 लाख की वसूली की गई है। मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी देवेंद्र वर्मा का कहना है कि जैसे-जैसे रिपोर्ट प्राप्त होती जा रही हैं उस आधार पर प्रकरणों को कोर्ट में प्रस्तुत किया जा रहा है।
प्रदेश में लिए गए 2963 सैम्पल, 840 अवमानक मिले
अभियान के तहत 19 जुलाई से लेकर 18 नवंबर की स्थिति में प्रदेश में 2963 सैम्पल लिए गए। इसमें से 2567 सैम्पलों को स्टेट लैब में जांच के लिए भेजा था, जिसमें से 682 अवमानक पाए गए हैं। 231 मिस ब्रांडेड हुए हैं। 42 अपद्रव्य, 38 अनसेफ मिले हैं। इसके अलावा अन्य एनएबीएल प्रयोगशाला में 396 सैम्पल जांच के लिए भेजे गए। जिसमें से 158 अवमानक मिले हैं। इस तरह कुल 840 सैम्पल अवमानक पाए गए जिनके संबंध में अलग-अलग जिलों की एडीएम कोर्ट में केस चल रहे हैं। गोविंदपुरा स्थित एजेंसी से लिए घी, सरसों तेल के सैम्पल
त्यौहार के बाद भी खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की जांच लगातार जारी है। मंगलवार को गोविंदपुरा स्थित एसके एजेंसी से गाय घी, भैस घी, सरसों तेल, सफोला तेल के 6 सैम्पल लेकर स्टेट लैब में जांच के लिए भेजे हैं। गजक के दो सैम्पल रेलवे स्टेशन के बाहर दुकानों से लिए गए हैं।