भोपाल

एमपी पर कर्ज का बोझ, दावोस बैठक की तैयारी पर करोड़ों खर्च, रोक के बाद भी कंसल्टेंट नियुक्त कर रहा MPIDC

MPIDC Consultant Appointment: मध्य प्रदेश में बढ़ते कर्ज के बीच वित्त विभाग ने नई कंसल्टेंसी सेवाओं पर रोक लगाई थी। इसके बावजूद MPIDC दावोस में निवेश बैठकों के लिए कंसल्टेंट नियुक्त कर रहा है।
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Oct 17, 2026
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MPIDC Consultant Appointment: रोक के बाद भी कंसल्टेंट नियुक्त कर रहा एमपीडीआईसी (फोटो सोर्स- Patrika)

MPIDC Consultant Appointment: मध्य प्रदेश के वित्त विभाग ने जुलाई माह में सभी विभागों, निगम, मंडलों आदि में फिजूलखर्ची रोकने और मितव्ययिता संबंधी निर्देश जारी किए थे। इसमें किसी भी प्रकार की नई कंसल्टेंसी सेवाएं लेने पर प्रतिबंध लगाया गया था। लेकिन औद्योगिक नीति एवं निवेश संवर्धन विभाग और संबद्ध मप्र इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (एमपीआइडीसी) इसके बावजूद कंसल्टेंसी सेवाएं ले रहा है। एमपीआइडीसी ने हाल ही में स्विटजरलैंड के दावोस में 18-22 जनवरी 2027 में होने वाली वर्ल्ड इकोनोमिक फोरम की बैठक (Davos WEF 2027) में प्रदेश के प्रतिनिधिमंडल को भेजने के लिए कंसल्टेंट नियुक्त करने की प्रक्रिया शुरू की है। यह कंसल्टेंट ही यात्रा की पूरी तैयारियां और बैठकों में शामिल होने की व्यवस्था करेगा।

वित्त विभाग ने बढ़ते खर्चों के मद्देनजर लगाई थी रोक

वित्त विभाग ने सरकार के बढ़ते जा रहे कर्ज और वित्तीय स्थिति को देखते हुए 18 जुलाई को सभी विभागों को निर्देश जारी कर किसी भी प्रकार की नई कंसल्टेंसी सेवाएं लेने, साज-सज्जा, विदेश यात्राओं आदि प्रतिबंध लगाया था। व्हीकल पूलिंग को भी अनिवार्य किया गया था। इसके साथ मनमाने खर्च पर अंकुश लगाने सभी निगमों, मंडलों और सरकारी उपक्रमों को निर्देशित किया गया था कि वे अपने लाभांश (डिविडेंड) की अधिकतम संभव राशि सीधे राज्य शासन के खाते में जमा कराएं।

यह करेगा कंसल्टेंट

एमपीआइडीसी द्वारा नियुक्त कंसल्टेंट या एजेंसी मध्यप्रदेश के प्रतिनिधिमंडल के लिए दावोस का विस्तृत यात्रा कार्यक्रम बनाएगी। डब्ल्यूईएफ वार्षिक बैठक 2027 के दौरान निर्धारित सभी बैठकों, और नेटवर्किंग गतिविधियों को शामिल किया जाएगा।

विश्व आर्थिक मंच के आयोजकों, विभिन्न कार्यक्रमों के आयोजकों और अन्य अंतरराष्ट्रीय मंचों के साथ मप्र को जोड़ने के लिए समन्वय बनाकर सभी प्रासंगिक सत्रों में उसे शामिल कराएगी।

राज्य के प्रतिनिधिमंडल के लिए अग्रणी वैश्विक प्रौद्योगिकी, वैश्विक विनिर्माण और निवेश संगठनों के सीईओ, वरिष्ठ अधिकारियों के साथ 25-30 उच्च स्तरीय द्विपक्षीय बैठकें कराने व समझौता ज्ञापन कराने की व्यवस्था।

राज्य की टीम के लिए एमपीआइडीसी के साथ सलाह करके बैठकों के लिए ब्रीफिंग नोट्स, बैठक के प्रारूप और मुख्य वार्ता बिंदुओं की तैयारी में सहायता देना।

मप्र के प्रमुख फोकस क्षेत्रों और उभरते क्षेत्रों में, एमपीआइडीसी में वित्तीय और तकनीकी संचालन स्थापित करने या विस्तार करने में रुचि रखने वाले संस्थानों की पहचान कर उनसे संपर्क करना।

एमपीआइडीसी द्वारा आयोजित 3 राउंड टेबल कॉन्फ्रेंस की व्यवस्था करना, जिनमें से प्रत्येक में वैश्विक वित्तीय संस्थानों, निवेश फर्मों, बहुराष्ट्रीय निगमों और नीति विशेषज्ञ शामिल हों।

किसी एक कार्यक्रम में मध्य प्रदेश के लिए एक भाषण सत्र की व्यवस्था व तीन महीने तक फॉलोअप व्यवस्था करेगा।

अब जवाब देने से बच रहे अफसर

एमपीआइडीसी ने डब्ल्यूईएफ की बैठक के लिए सात महीने के लिए कंसल्टेंट की नियुक्ति प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके लिए करोड़ों फीस का भुगतान होगा। इस संबंध में जवाब देने एमडी चंद्रमौली शुक्ला को कई बार फोन किया गया लेकिन उत्तर नहीं मिला।

Updated on:
17 Oct 2026 09:00 am
Published on:
17 Oct 2026 08:59 am