निगम आयुक्त ने किया निरीक्षण और जुर्माना लगाने के दिए निर्देश
भोपाल. सीवेज लाइन व पम्प हाउस का निर्माण करने की धीमी गति और काम शुरू नहीं करने पर निर्माण एजेंसी अंकिता पर 10- 10 लाख रुपए का जुर्माना किया गया है। निगम आयुक्त के.वी.एस.चौधरी ने सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट, सीवेज लाईन एवं हाउस होल्ड कनेक्शन व रेस्टोरेशन कार्यों का शहर के विभिन्न क्षेत्रों में निरीक्षण किया। प्रोफेसर कालोनी में सीवेज पम्प हाउस का निर्माण कार्य प्रारंभ न करने व हाउस होल्ड कनेक्शनों की धीमी गति पर सख्त नाराजगी व्यक्त करते हुए यह काम कर रही एजेंसी अंकिता को दोनों कार्यों के लिए अलग अलग 10-10 लाख रुपए की पेनाल्टी लगाई है। आयुक्त ने शहर के निर्माणाधीन 5 सीवेज ट्रीटमेंट प्लांटों का काम तीन माह की समय सीमा में पूरा करने और मानक स्तर की गुणवत्ता के साथ रेस्टोरेशन का काम पूरा करने सहित छोटे तालाब की बेहतर साफ-सफाई के निर्देश दिए। इस दौरान अपर आयुक्त पवन सिंह भी मौजूद थे। निगमायुक्त ने प्रोफेसर कॉलोनी, छोटा तालाब, मोतिया तालाब, बाबे अली मैदान, मुंशी हुसैन खां तालाब, नवाब सिद्दीक हसन खां तालाब आदि क्षेत्रों में सीवेज पाइप लाइन, एसटीपी, पंप हाउस आदि के कामों का निरीक्षण किया। गौरतलब है कि एसटीपी नहीं बनवाने और सीवेज का प्रबंधन नहीं हो पाने के कई मामले एनजीटी में भी चल रहे हैं। एनजीटी के नगर निगम को निर्देश भी हैं कि सीवेज खुले में नहीं बहना चाहिए यह सुनिश्चित करें। इसके साथ सिदृदीक हसन खां तालाब और मोतिया तालाब के मामले भी चल रहे है। यहां का वेस्ट भी तालाबों में जा रहा है। इसे रोकने के निर्देश भी एनजीटी द्वारा दिए गए हैं।