भोपाल

नरेंद्र सिं​ह तोमर होंगे भोपाल से दिग्विजय के सामने!

तोमर के इस बयान ने मचाया बवाल, भाजपा पर अब इस सीट को बचाने का भारी दबाव...
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Apr 06, 2019
fight between narendra singh tomar and digvijay singh
नरेंद्र सिं​ह तोमर होंगे भोपाल से दिग्विजय के सामने!

भोपाल। इसी माह से शुरू होने वाले लोकसभा चुनावों को लेकर अब तक दोनों कांग्रेस व भाजपा सकते में हैं, एक ओर जहां भाजपा अपने पुराने गढ़ों को बचाने की कोशिश करती दिख रही है। वहीं कांग्रेस अपनी पिछली लोकसभा चुनावों में मिली हार का बदलना लेने में जुटी हुई है।

इन्हीं सब के बीच कई लोकसभा सीटें अब तक भंवर में फंसी दिख रही हैं। इन्हीं में से एक सीट भाजपा का करीब तीन दशकों से बना गढ़ भोपाल भी है। इस बार कांग्रेस ने यहां अपनी रणनीति के तहत दिग्विजय सिंह को उतारा है।

वहीं भाजपा पर अब इस सीट को बचाने का भारी दबाव बनता सा दिख रहा है। ऐसे में दिग्विजय जैसे नेता के सामने किसी सामान्य नेता का टिकना कठिन माना जा रहा है।

जानकारों के अनुसार इसी उपापोह की बनी स्थिति में भाजपा अब तक यहां के लिए अपने प्रत्याशी की घोषणा नहीं कर सकी है।

वहीं जानकार मानते हैं इस बार इस सीट पर भाजपा के साथ भितरघात की स्थिति भी पैदा हो सकती है, जिसके चलते पहले शिवराज का नाम यहां सामने आया। लेकिन अब सामने आए ताजा बयानों ने ये काफी हद तक साफ कर दिया है कि दिग्विजय के सामने केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर चुनाव लड़ सकते हैं।

दरअसल लंबे समय से ये बातें सामने आ रही थी कि नरेंद्र सिंह भोपाल से चुनाव लड़ने के इच्छुक हैं। लेकिन उसी दौरान पूर्व सीएम शिवराज सिंह का नाम सामने आने लगा।

इसके बाद तोमर का नाम भाजपा की सूची में मुरैना सीट से आने के बावजूद तोमर के ताजा बयानों ने एक बार फिर भोपाल सीट से उनके चुनाव लड़ने की संभावना को बल दे दिया है।

दरअसल तोमर ने अभी कुछ ही दिनों पहले ये बयान देकर सबको चौंका दिया कि अब तक मेरा फाइनल नहीं है कि मैं आखिर कहां से चुनाव लड़ूंगा।

इस बयान ने मचाई हलचल...
उनके इस बयान के सामने आते ही राजनीतिक गलियारों में ये कयास लगने शुरू हो गए हैं कि तोमर को भाजपा भोपाल से प्रत्याशी बना सकती है। जिसके चलते अब केंद्रीय मंत्री व मौजूदा ग्वालियर सांसद नरेंद्र सिंह तोमर के भोपाल से चुनाव लड़ने की संभावनाएं एक बार फिर बड़ गईं हैं।

ये बोले थे तोमर...
लोकसभा चुनाव 2019 के लिए मध्य प्रदेश के मुरैना संसदीय क्षेत्र से भारतीय जनता पार्टी द्वारा उम्मीदवार घोषित किए जाने के बावजूद पिछले दिनों केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने शिवपुरी में कहा था कि "मुझे अभी यह नहीं मालूम कि मैं मुरैना से भी चुनाव लड़ूंगा या नहीं।"

कठिनाइयों के बीच कई तरह का सहयोग भी...
राजनीति के जानकार डीके शर्मा का कहना है कि भाजपा के लिए भोपाल से नरेंद्र सिंह तोमर जहां एक अच्छे प्रत्याशी हो सकते हैं, वहीं उनके चलते कुछ कठिनाईयां भी पैदा होने की संभावना है।

शर्मा के अनुसार भोपाल सीट पर दिग्विजय सिंह का आना ये तो स्पष्ट करता है कि चुनाव बहुत कड़ा होगा। ऐसे में जहां भाजपा के कुछ नेता तक शिवराज को उनके सामने कमजोर प्रत्याशी मानते हैं। वहीं नरेंद्र सिंह उस स्थिति में मजबूत सिद्ध होंगे।

विरोध में आ सकती है कमी!
शर्मा के मुताबिक भोपाल भाजपा में बगावत या भितरघात के संदेह के बीच नरेंद्र सिंह स्थितियों को काफी हद तक संभाल सकते हैं। क्योंकि वे बाबूलाल गौर से लेकर शिवराज तक अपनी खास पेंठ रखते हैं, लेकिन उन्हें केवल बाहरी होने का नुकसान उठाना पड़ सकता है।

वहीं अन्य नेताओं के मामले में तकरीब अधिकांश एक दूसरे के विरोधी है और खुद खड़ा होना चाहते हैं।

ऐसे में चाहे बाबूलाल गौर हों, मेयर आलोक शर्मा हों या आलोक संजर से लेकर तमाम नेता नरेंद्र सिंह के साथ अपनी खास पहचान के चलते भितरघात से दूर रहने के लिए अन्य को भी तैयार कर सकते हैं।

वहीं पूर्व में भोपाल सीट के लिए वीडी शर्मा का नाम भी सामने आया था, चर्चा है कि पार्टी उन्हे मुरैना से टिकट दे सकती है।

इसलिए अब ग्वालियर नहीं!
वहीं ग्वालियर जो कि नरेंद्र सिंह तोमर का ग्रह क्षेत्र है, वहां भी इन दिनों ये चर्चाएं तेज हैं कि नरेंद्र सिंह इस बार भोपाल से चुनाव लड़ सकते हैं। जबकि ग्वालियर छोड़ने का उनका प्रमुख कारण ग्वालियर में अपने ही नेताओं द्वारा उनका विरोध किया जाना बताया जा रहा है।

Updated on:
06 Apr 2019 02:48 pm
Published on:
06 Apr 2019 02:43 pm