Indian Railway: भारतीय रेलवे टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए कई स्पेशल ट्रेनों का संचालन करने जा रहा है। जो मध्यप्रदेश के कई स्टेशनों से होकर गुजरेंगी।
Indian Railway: इंडियन रेलवे अब यात्रियों की धार्मिक संवेदनाओं का ध्यान रखते हुए बड़ा फैसला लिया है। श्राद्धपक्ष के दौरान बड़ी संख्या में लोग बिहार से गयाजी पिंडदान करने के लिए जाते हैं। इसको देखते हुए रेलवे ने यात्रियों के लिए खास सुविधा शुरु की है। जिसमें गयाजी जाने वाले यात्रियों को रेलवे टिकट के साथ पंडित भी उपलब्ध कराएगा।
राजधानी में भोपाल रेल मंडल और आईआरसीटीसी की ओर से प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई। जिसमें भोपाल रेल मंडल के वरिष्ठ डीसीएम सौरभ कटारिया और आईआरसीटीसी के क्षेत्रीय अधिकारी राजेंद्र बोरवन ने जानकारी देते हुए बताया है कि टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए ये स्पेशल ट्रेनें चलाई जा रही हैं।
रेलवे के अधिकारियों ने बताया कि एक ट्रेन 20 सितंबर को रवाना होगी। जो सनातन संवेदनाओं को देखते हुए गंगा सागर और गयाजी भी जाएगी। इसमें खास बात यह है कि पितृपक्ष के दौरान 26 सितंबर को बिहार के गया पहुंचेगी। यहां पर इच्छुक टूरिस्ट अपने पितरों का पिंडदान कर सकेंगे। जिसके लिए आईआरसीटीसी ने पुरोहित (पंडित) बुक करने की व्यवस्था उपलब्ध कराई है।
पहली ट्रेन 4 सितंबर को दक्षिण दर्शन यात्रा के लिए रवाना होगी। यह एमपी के इंदौर, देवास, उज्जैन, शुजालपुर, सीहोर, संत हिरदाराम नगर, रानी कमलपति, इटारसी और नागपुर स्टेशन से होते हुए जाएगी। इन स्टेशनों पर ट्रेन रूकेगी जहां यात्री इस ट्रेन पर सवार हो सकेंगे।
इस ट्रेन में यात्रा करने के लिए स्लीपर क्लास की श्रेणी में प्रति व्यक्ति 18200 रुपए खर्च करने होंगे। वहीं थर्ड एसी में प्रति व्यक्ति 30250 रुपए और सेकेंड एसी में प्रति व्यक्ति 40000 हजार रुपए खर्च करने होंगे।
दूसरी ट्रेन 20 सितंबर को पुरी के गंगासागर भव्य काशी यात्रा के नाम से रवाना होगी। यह ट्रेन एमपी के इंदौर, देवास, उज्जैन, शुजालपुर, सीहोर, रानी कमलापति, इटारसी, नरसिंहपुर, जबलपुर, कटनी और अनूपपुर स्टेशन से होते हुए जाएगी। इस यात्रा में पुरी, गंगासागर, गयाजी, वाराणसी और अयोध्या जैसे दर्शनीय स्थलों का भ्रमण कराया जाएगा। इसमें खास बात ये है कि यह पुरी गंगासागर के लिए जाने वाली दूसरी ट्रेन पितृपक्ष के दौरान 26 सितंबर को बिहार के गया पहुंचेगी।
तीर्थ यात्रा पर जाने वाले यात्रियों से कर्म-कांड के नाम पर दक्षिणा के नाम पर होने वाली लूट से बचाने के लिए इन पुरोहितों की दान-दक्षिणा को आईआरसीटीसी ने पहले से ही तय कर रखी है। पिंडदान के लिए आईआरसीटीसी ने 501 रुपए निर्धारित किए हैं।
भारतीय रेलवे के लिए यात्रियों की सुविधा और टिकटिंग का काम देखने वाली इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन लिमिटेड (आईआरसीटीसी) की ओर से भारत गौरव पर्यटक ट्रेन का संचालन शुरु किया जा रहा है। सितंबर महीने इस ट्रेन की शुरुआत हो रही है।