Orchha-Jhansi Southern Bypass: केन्द्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने दी 631 करोड़ रुपये की सौगात।
Orchha-Jhansi Southern Bypass: केन्द्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने लगातार दूसरे दिन मध्यप्रदेश को बड़ी सौगात दी है। नितिन गडकरी ने मध्यप्रदेश के निवाड़ी जिले के ओरछा से उत्तर प्रदेश के झांसी जिले तक फोर-लेन पश्चिमी बायपास बनाए जाने और बंगाय खास से ओरछा तिगेला तक राष्ट्रीय राजमार्ग-44 और राष्ट्रीय राजमार्ग-39 को जोड़ने वाली लिंक के लिए 631.73 करोड़ रुपए की लागत के साथ स्वीकृति दे दी है। नितिन गडकरी ने खुद सोशल मीडिया पर पोस्ट कर इसकी जानकारी दी है।
केन्द्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर लिखा है- मध्य प्रदेश (जिला निवाड़ी) और उत्तर प्रदेश (जिला झाँसी) राज्यों में, झांसी के लिए 15.5 किमी लंबाई के 4-लेन वाले दक्षिणी बाईपास के निर्माण और बंगाय खास से ओरछा तिगेला तक राष्ट्रीय राजमार्ग-44 और राष्ट्रीय राजमार्ग-39 को जोड़ने वाली लिंक के लिए 631.73 करोड़ रुपए की लागत के साथ स्वीकृति दी गई है। उन्होंने आगे लिखा कि झाँसी राष्ट्रीय राजमार्ग-27 (पूर्व-पश्चिम कॉरिडोर), राष्ट्रीय राजमार्ग-44 (उत्तर-दक्षिण कॉरिडोर), राष्ट्रीय राजमार्ग-39, राष्ट्रीय राजमार्ग-539, राष्ट्रीय राजमार्ग-552 इन पाँच राजमार्गों के जंक्शन पर स्थित है, जिसके कारण शहर के भीड़भाड़ वाले मुख्य इलाके से होकर गुजरने वाले ट्रैफिक में भारी बढ़ोतरी होती है।
नितिन गडकरी ने अपनी पोस्ट में आगे लिखा है- यह बाईपास ओरछा तिगेला पर खत्म होता है, जो UNESCO की संभावित विश्व धरोहर सूची में शामिल है, और जहाँ जहाँगीर महल, राम राजा मंदिर और बेतवा वन्यजीव अभयारण्य स्थित हैं। हाईवे तक बेहतर पहुंच से इस क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था और विकास को गति मिलेगी।
बता दें कि एक दिन पहले शनिवार को भी केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने मध्यप्रदेश को 758 करोड़ रुपये की बड़ी सौगात दी थी। शनिवार को उन्होंने मध्य प्रदेश में राष्ट्रीय राजमार्ग-46 के इटारसी-बैतूल सेक्शन में 22 km लंबे टाइगर कॉरिडोर को 4-लेन बनाने के लिए 758 करोड़ रुपए की स्वीकृति दी थी। तब पोस्ट कर उन्होंने लिखा था- यह क्षेत्र खेती-बाड़ी का एक बड़ा केंद्र है, और यहां कोयला, तांबा, ग्रेफाइट और सीसा-जस्ता जैसे प्राकृतिक संसाधन भरपूर मात्रा में मौजूद हैं। इस सेक्शन को 4-लेन बनाने से पूरे क्षेत्र में माल ढुलाई में लगने वाला समय कम होगा और सुरक्षा बढ़ेगी साथ ही किसानों के लिए बाज़ारों और मंडियों तक पहुंच भी आसान हो जाएगी। इस परियोजना में जानवरों के सुरक्षित रूप से सड़क पार करने के लिए 11 खास अंडरपास और ओवरपास बनाए जाएंगे, जिससे आस-पास के वन्यजीव इलाकों में सड़क दुर्घटनाओं और जानवरों की मौत के मामलों में कमी आएगी।