
Bhopal News :मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल की ऐशबाग पुलिस ने दोहरे हत्याकांड के आरोप में गिरफ्तार प्रॉपर्टी ब्रोकर भाइयों श्रीकांत और शशिकांत से हत्या के दिन का क्राइम सीन रीक्रिएट कराया। पुलिस दोनों आरोपियों को घटनास्थल पर ले गई, जहां उन्होंने वारदात को उसी क्रम में दोहराया, जैसा हत्या के दिन आरोपियों द्वारा किया गया था। पुलिस जांच में सामने आया कि, पूरी वारदात लगभग 12 मिनट में अंजाम दी गई थी। आरोपियों ने बताया कि, सबसे पहले श्रीकांत ने हेमंत पर गोली चलाई, जिससे वो मौके पर गिर गए। इसके तुरंत बाद शशिकांत ने शकुंतला को गोली मार दी, ताकि कोई गवाह न बचे। वारदात के दौरान दोनों आरोपियों ने हाथों में दस्ताने पहन रखे थे, जिससे मौके पर उनके फिंगरप्रिंट न मिलें।
हत्या के बाद उन्होंने घटनास्थल से निकलने का पूरा रास्ता भी पुलिस को बताया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि, दोनों भाइयों ने डेढ़ साल पहले भोपाल से करीब 200 किलोमीटर दूर आगर मालवा से अवैध पिस्टल खरीदी थी। पुलिस के अनुसार, पिस्टल खरीदने के बाद से ही दोनों हत्या की योजना बनाने लगे थे। वारदात को अंजाम देने के लिए पहले से तैयारी की गई थी। वारदत को अंजाम देने के बाद आरोपियों ने दोनों पिस्टल शहर के तलैया इलाके में रहने वाली अपनी बहन के घर छिपा दी थीं। जहां से आरोपी के बेटे और पत्नी ने दोनो पिस्टल शहर के ही बड़े तालाब में फैंक दी थी। पुलिस ने पत्नी और बेटे को भी गिरफ्तार कर उनकी निशानदेही पर अपर लेक से दोनों पिस्टलें बरामद कर ली हैं।
इघर, पुलिस अब हथियार उपलब्ध कराने वाले व्यक्ति और उससे जुड़े पूरे नेटवर्क की भी पड़ताल में जुट गई है। क्राइम सीन रीक्रिएशन से पुलिस ने आरोपियों के बयानों का घटनास्थल के साक्ष्यों से मिलान किया है।
पुलिस ने आरोपी श्रीकांत चिचलिया की पत्नी और उसके 19 वर्षीय बेटे को सबूत छिपाने और नष्ट करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। गोताखोरों की मदद से भोपाल के बड़े तालाब (अपर लेक) से हत्या में इस्तेमाल की दोनो पिस्टल भी बरामद की जा चुकी हैं। पुलिस के अनुसार, हथियार करबला पंप हाउस के पास पानी से निकाले गए हैं। हत्या को अंजाम देने के बाद मुख्य आरोपी प्रॉपर्टी ब्रोकर श्रीकांत चिचलिया ने दोनों पिस्तोलें तलैया इलाके में अपनी बहन के घर एक बैग में छिपाकर रख दी थीं। कुछ दिनों बाद मौका पाकर उसकी पत्नी और बेटे ने कानूनी शिकंजे से बचने के लिए इन हथियारों को बड़े तालाब में फेंक दिया था।
पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार भाइयों, श्रीकांत और शशिकांत चिचलिया ने एसआईटी की पूछताछ में कबूल किया कि, उन्होंने हत्या में इस्तेमाल की जाने वाली पिस्तोलें आगर मालवा जिले के एक शख्स से खरीदी थीं। इस इनपुट के बाद भोपाल पुलिस की एक विशेष टीम को आगर मालवा के लिए रवाना कर दिया गया है, ताकि हथियार सप्लायर को दबोचा जा सके। इसके अलावा, उस फर्जी दान पत्र पर दस्तखत करने वाले मुख्य गवाह की तलाश भी की जा रही है।
पुलिस ने खुलासा किया कि, आरोपी श्रीकांत चिचलिया एक प्रॉपर्टी ब्रोकर है। उसने बुजुर्ग दंपत्ति के करीब 2 करोड़ रुपए की कीमत वाले मकान को हड़पने के लिए इस पूरे हत्याकांड की साजिश रची थी।