MP Power transmission line- परियोजनाओं का सूक्ष्म मूल्यांकन किया जिसमें यह बात स्पष्ट हुई कि ट्रांसमिशन नेटवर्क का पूरा काम अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप
MP Power transmission line- मध्यप्रदेश में बिजली के ट्रांसमिशन नेटवर्क का सुदृढ़ किया जा रहा है। इसके लिए जापान इंटरनेशनल कोऑपरेशन एजेंसी (जायका) द्वारा मध्यप्रदेश पॉवर ट्रांसमिशन कंपनी (एमपी ट्रांसको) को फंड मुहैया कराया गया है। जायका जापान की इवैल्यूएटर हिसाए ताकाहाशी एवं भारतीय प्रतिनिधि कुनाल गुप्ता जायका-2 वित्त पोषित विभिन्न परियोजनाओं के अंतर्गत भोपाल में हुए कार्यों का विस्तृत निरीक्षण कर रहे हैं। उन्होंने परियोजनाओं का सूक्ष्म मूल्यांकन किया जिसमें यह बात स्पष्ट हुई कि ट्रांसमिशन नेटवर्क का पूरा काम अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप चल रहा है।
जायका टीम ने 132 केवी सब स्टेशन महावड़िया तथा इसके लिए निर्मित 132 केवी महावड़िया-मुगलियाछाप डबल सर्किट ट्रांसमिशन लाइन का निरीक्षण कर सूक्ष्म मूल्यांकन किया। इवैल्यूएटर ताकाहाशी ने लोन स्वीकृति के समय प्रस्तुत प्रारंभिक योजना, परियोजना के क्रियान्वयन, स्थापित उपकरणों की गुणवत्ता, लागत और रखरखाव से संबंधित विस्तृत जानकारी ली।
सब स्टेशन के संचालन एवं संधारण कार्यों, पदस्थ कर्मचारियों की योग्यता, उनके दैनिक कार्यों का विवरण, आपातकालीन स्थिति से निपटने की कार्ययोजना तथा सब स्टेशन से पर्यावरण को होने वाले वायु प्रदूषण, ध्वनि प्रदूषण के संबंध में भी जायका टीम ने जानकारी ली। निरीक्षण के बाद जायका टीम ने सब स्टेशन एवं ट्रांसमिशन लाइन का निर्माण अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप पाए जाने पर संतोष व्यक्त किया।
प्रोजेक्ट के क्रियान्वयन की जायका टीम ने बारीकी से जांच-पड़ताल की। निर्माण कार्यों, उनकी गुणवत्ता, उपयोगिता तथा अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप क्रियान्वयन को कई पहलुओं पर परखा।
जायका द्वारा वित्त पोषित फंड से निर्मित महावड़िया सब स्टेशन की उपयोगिता के संबंध में अधिकारियों से जानकारी लेने के साथ जायका टीम ने सब स्टेशन के पास के प्रतिष्ठानों में जाकर व्यापारियों से उनका प्रत्यक्ष फीडबैक भी लिया। व्यापारियों ने बताया कि सब स्टेशन के निर्माण से क्षेत्र में बिजली आपूर्ति में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। अब उन्हें पर्याप्त एवं निर्बाध बिजली मिल रही है, जिससे व्यापार के संचालन करने में आसानी हो रही है। इससे उनके आर्थिक एवं सामाजिक स्तर में सकारात्मक बदलाव आया है।
सबस्टेशन के सामने स्थित यादव डेयरी के संचालक दिनेश यादव ने बताया कि सन् 2021 के पूर्व बिजली मंडीदीप सब स्टेशन से आती थी। लाइन की लंबाई अधिक होने से अनेक बार ट्रिपिंग एवं वोल्टेज में उतार –चढाव (फ्लक्चुएशन) की समस्या रहती थी। अब सबस्टेशन बनने से यह समस्या पूर्णतः समाप्त हो गई है। उन्हें अपनी दुकान पर फ्रिज एवं रेफ्रिजरेटर चलाने में कोई कठिनाई नहीं होती, जिससे दूध, दही आदि सामग्री अधिक समय तक सुरक्षित रहती है। इससे दुकान की आय में वृद्धि हुई है।