Rajnath Singh- सरहद के शूरवीरों की सेहत संवारेगी खेतों की 'जैविक शक्ति' राजनाथ बोले-रक्षा मंत्रालय ने बदली नीति, मुख्यमंत्री मोहन यादव ने रक्षा मंत्री को शुभंकर बताया
Rajnath Singh- देश की सरहदों की रक्षा में लगे शूरवीरों की सेहत संवारने के लिए खेतों की 'जैविक शक्ति' का सहारा लिया जाएगा। इसके लिए रक्षा मंत्रालय ने नई नीति बनाई है। देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि छावनियों में जवान अब सिर्फ जैविक फल-सब्जियां, श्रीअन्न ही लेंगे। एमपी के रायसेन में आयोजित कृषि महोत्सव में उन्होंने यह ऐलान किया।
छावनियों में सैनिकों व उनके परिवारों को किसानों के उगाए जैविक फल, सब्जियां, श्रीअन्न उपलब्ध कराए जाएंगे
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि देश की सरहदों पर जवान और मेहनतकश किसानों के बीच मजबूत सेतु बनने जा रहा है। रक्षा मंत्रालय ने निर्णय लिया है कि सभी सैन्य छावनियों में सैनिकों व उनके परिवारों को स्थानीय किसानों के उगाए जैविक फल, सब्जियां, श्रीअन्न उपलब्ध कराए जाएंगे। इससे जवानों को पौष्टिक आहार मिलेगा। साथ ही किसानों को भी उपज का सीधा लाभ मिलेगा।
राजनाथ सिंह ने कहा कि मुझे लोग रक्षा मंत्री के नाते सेनाओं से जोड़कर देखते हैं पर मेरे अंदर का किसान जीवित है। मैं किसानों के लिए काम करना चाहता हूं। पहले किसानों के हक का बड़ा हिस्सा बिचौलियों को जाता था। अब पारदर्शी व्यवस्था से पैसा सीधे उनके खातों में जा रहा है। कृषि, उद्योग, बैंकिंग की नींव किसान पर टिकी है। उन्नत कृषि महोत्सव में सीएम डॉ. मोहन यादव, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ई-फार्म ऐप का लोकार्पण किया।
सीएम मोहन बोले- मध्यप्रदेश के लिए शुभंकर हैं रक्षा मंत्री
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रक्षामंत्री राजनाथ सिंह को मप्र के विकास के लिए शुभंकर बताया। उन्होंने कहा, हाल ही में उनके हाथों रेल कारखाने की नींव रखी गई। अब वे किसानों को नई दिशा देने आए हैं। सीएम मोहन यादव ने बताया कि राज्य सरकार ने 2026 को किसान कल्याण वर्ष के रूप में समर्पित किया है। पूरे वर्ष कृषि आधारित उद्योगों व किसानों की बेहतरी के लिए मिशन मोड में काम होगा। उन्होंने कहा, प्रदेश की सिंचाई क्षमता 2002-03 के 7.5 लाख हेक्टेयर से बढ़कर 55 लाख हेक्टेयर तक पहुंच गई है।
कार्यक्रम में केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराजसिंह चौहान ने कहा कि देशभर में किसानों के हित में कई योजनाएं शुरु की गई हैं। उन्होंने मप्र में 55 नई दाल मिलें खोलने की घोषणा की।