भरुच के पास स्थित खंबात की खाड़ी में है नर्मदा और समुद्र का संगम....।
भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री गुरुवार को गुजरात स्थित खंबात की खाड़ी पहुंचे, जहां नर्मदा नदी और समुद्र का संगम स्थल है। उन्होंने यहां पूजा अर्चना कर प्रदेश की समृद्धि की कामना की। उनके साथ पत्नी साधना सिंह भी थीं। सोशल मीडिया पर मुख्यमंत्री ने पूजा-अर्चना की तस्वीरें भी साझा की हैं।
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री (chief minister of madhya pradesh) भरूच के पास स्थित खंभात की खाड़ी (khambat ki khadi) पहुंचे। जहां गुरुवार को सुबह नर्मदा सागर संगम स्थल पर पत्नी साधना सिंह ( sadhna singh) के साथ पूजा-अर्चना की। उन्होंने नर्मदा (narmada) को जल चढ़ाया और आरती भी की।
चौहान ( shivraj singh chauhan ) ने ट्वीटर पर तस्वीरें और वीडियो (photo and video ) शेयर करते हुए कहा है कि आज का दिन हमारे जीवन का सौभाग्य का दिन है। नर्मदा मैया खंभात की खाड़ी में जहां समुद्र से मिलती हैं, वहां संगम पर मां नर्मदा के दर्शन किए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अमरकंटक (amarkantak) से निकली हुई नर्मदा मैया मध्यप्रदेश और गुजरात (gujarat ) की जीवनरेखा हैं। ये साक्षात हमारे लिए मां हैं।मां नर्मदा केवल जल नहीं देतीं, इनके जल से खेतों में फसलें लहलहाती हैं, हमें बिजली मिलती है। जिस मां रेवा के तट पर एक नहीं, अनेक साधु-संतों ने तपस्या करके मानवता को नया मार्गदर्शन दिया है, आज उस रेवा मैया के पवित्र संगम स्थल, जहां समुद्र से आकर मिली हैं, पर आकर हम धन्य हो गए।
समृद्ध मध्यप्रदेश के लिए प्रार्थना
मां नर्मदा से यही प्रार्थना है कि हे मां सुख, समृद्धि, ऋद्धि-सिद्धि सबकी जिंदगी में आए। समृद्ध और विकसित मध्यप्रदेश का निर्माण हो, आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश, कोविड-19 समाप्त हो और यहां से नदियों के संरक्षण व पर्यावरण को बचाने का संकल्प भी प्रबल हुआ है। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय संस्कृति में भी यह कहा गया है कि प्राणियों में सद्भावना हो, विश्व का कल्याण हो, सबका कल्याण हो। धर्म की जय हो, अधर्म का नाश हो।