Wheat- 6 संभागों में गेहूं की खरीदी 15 अप्रैल से शुरु होगी, अभी तक 28199 किसानों से 12 लाख 52 हजार 470 क्विंटल गेहूं की खरीदी
Wheat- मध्यप्रदेश में अभी 4 संभांगों में न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं का उपार्जन किया जा रहा है। प्रदेश के इंदौर, उज्जैन, भोपाल और नर्मदापुरम संभाग में 9 अप्रैल से यह काम शुरू हो चुका है। अभी तक 28 हज़ार 199 किसानों से 12 लाख 52 हजार 470 क्विंटल गेहूं की खरीदी की जा चुकी है। प्रदेश के खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने बताया है कि शेष संभागों में 15 अप्रैल से गेहूं का उपार्जन शुरू किया जाएगा। प्रदेश में अभी तक 2 लाख 35 हजार 177 किसानों द्वारा 1 करोड़ 3 लाख 90 हजार 280 क्विंटल गेहूं की बिक्री के लिए स्लॉट बुक किए जा चुके हैं। गेहूं खरीदी के लिए 3171 उपार्जन केन्द्र बनाए गए हैं। गेहूं की खरीदी कार्यालयीन दिवसों में की जा रही है।
मंत्री गोविंद राजपूत ने बताया है कि जिन जिलों में गेहूं उपार्जन की प्रक्रिया शुरू हो गई है, वहां किसानों को सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। उपार्जन केन्द्रों में छायादार स्थान में बैठने और पेय जल की समुचित व्यवस्था की गई है। केंद्र में बारदाने, तौल कांटे सिलाई मशीन, कंप्यूटर, इंटरनेट, गुणवत्ता परीक्षण उपकरण और उपज की साफ सफाई के लिए पंखा, छनना आदि की व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की गई हैं।
एमपी में रबी विपणन वर्ष 2026-27 में किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य 2585 रुपए प्रति क्विंटल एवं राज्य सरकार द्वारा घोषित 40 रुपए प्रति क्विंटल बोनस राशि सहित 2625 रुपए प्रति क्विंटल की दर से गेहूं का उपार्जन किया जा रहा है। इसके लिए आवश्यक बारदानों की व्यवस्था की जा चुकी है। उपार्जित गेहूं को रखने के लिए जूट बारदानों के साथ ही पीपी/एचडीपी बैग एवं जूट के भर्ती बारदाने का उपयोग किया जा रहा है। समर्थन मूल्य पर उपार्जित गेहूं के सुरक्षित भंडारण की पर्याप्त व्यवस्था की गई है। उपार्जित गेहूं में से 7 लाख 69 हजार 720 क्विंटल गेहूं का परिवहन किया जा चुका है।
गेहूं उपार्जन के लिए एमपी में इस वर्ष रिकार्ड 19 लाख 4 हजार किसानों ने पंजीयन कराया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 3 लाख 60 हजार अधिक है। विगत वर्ष समर्थन मूल्य पर लगभग 77 लाख मीट्रिक टन गेहूं का उपार्जन किया गया था। इस वर्ष सरकार द्वारा 78 लाख मीट्रिक टन गेहूं के उपार्जन का लक्ष्य रखा गया है, जोकि पिछले वर्ष से एक लाख मीट्रिक टन अधिक है।
प्रदेश के ग्वालियर, चंबल, रीवा, शहडोल, सागर और जबलपुर संभागों में बुधवार से समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदा जाएगा। इसके लिए दो दिन पहले ही चुनिंदा किसानों को मैसेज भेज दिए हैं। जिन किसानों को केंद्रों की ओर से मैसेज मिले हैं, वे ही तुलाई के लिए उपज ले जा सकेंगे। केंद्रों में किसानों की सुविधाओं को देखते हुए छांव, पीने के पानी, तुलाई तक ठहरने के लिए बिछात, गर्मी से बचने के लिए कूलर-पंखे का इंतजाम किया है। बता दें, प्रदेश के चार संभागों में गेहूं की खरीदी 9 अप्रेल से की जा रही है। इनमें भोपाल, इंदौर, उज्जैन नर्मदापुरम शामिल है।