भोपाल

भोपाल में गूगल पर टेक्नीशियन का नंबर डालना पड़ा भारी, धड़ाधड़ खाते से निकले 60 हजार रुपए

Cyber ​​Fraud: भोपाल में साइबर ठगी के तीन मामले सामने आए, जिसमें क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने के झांसे में छात्र से सवा लाख रुपये ठगे गए।
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Oct 22, 2026
साइबर ठगी, प्रतिकात्मक फोटो (Photo Source- magnific)
साइबर ठगी, प्रतिकात्मक फोटो (Photo Source- magnific)

Bhopal news:मध्यप्रदेश के भोपाल शहर में साइबर ठगी और लूट की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने का झांसा देकर जालसाजों ने एक इंजीनियरिंग छात्र से सवा लाख रुपए ठग लिए। वहीं, गूगल पर टेक्नीशियन का नंबर तलाशने के दौरान एक महिला के खाते से 60 हजार रुपए निकल गए। इसके अलावा एटीएम कार्ड बदलकर एक युवक के खाते से 87 हजार रुपए निकाल लिए गए। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के लिए बता दें कि बागसेवनिया के साकेत नगर निवासी 31 वर्षीय संजय सिंह इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहे हैं। उनके पास एक फोन आया। उसने क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने का झांसा दिया। शुरुआत में संजय ने मना कर दिया, लेकिन दोबारा फोन आने पर वह तैयार हो गए। इसके बाद जालसाज ने उनके मोबाइल पर sh एक लिंक भेजी और उसमें जरूरी जानकारी भरने को कहा। जानकारी सबमिट करते ही उनके क्रेडिट कार्ड से सवा लाख रुपए कट गए।

टेक्नीशियन का नंबर खोजा, खाते से 60 हजार गायब

स्टेशन बजरिया इलाके में रहने वाली महिला को टाटा कंपनी का सेटअप बॉक्स ठीक कराना था। उन्होंने गूगल पर टेक्नीशियन का नंबर तलाशा और एक व्यक्ति से संपर्क किया। आरोपी ने मोबाइल पर कुछ प्रक्रिया पूरी करने को कहा और एक बार कोड पर 10 रुपए भेजने के लिए कहा। महिला ने भुगतान कर दिया। कुछ देर बाद उनके केनरा बैंक खाते से दो बार में कुल 60 हजार रुपए निकल गए। महिला की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है।

एटीएम कार्ड बदलकर 87 हजार निकाले

शाहपुरा इलाके के ईश्वर नगर निवासी राजेश परमार निजी कंपनी में काम करते हैं। मकान बेचने के बाद उन्होंने रकम पंजाब नेशनल बैंक के खाते में जमा की थी। नया एटीएम कार्ड मिलने पर वह त्रिलंगा स्थित बैंक के एटीएम बूथ पर पिन बनाने पहुंचे। परेशानी आने पर उन्होंने बाहर खड़े दो युवकों से मदद मांगी। दोनों ने पिन बनाने के बाद उनका कार्ड बदल दिया। कुछ देर बाद खाते से 87 हजार रुपए निकलने का पता चला।

बचाव के ज़रूरी उपाय

ओटीपी और पासवर्ड साझा न करें।
अज्ञात लिंक पर क्लिक न करें।
क्यूआर कोड स्कैन न करें।
डिजिटल गिरफ्तारी या लालच से सावधान रहें।
टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन (MFA) चालू रखें।
सॉफ़्टवेयर अपडेट रखें।

Updated on:
22 Oct 2026 08:20 am
Published on:
22 Oct 2026 08:20 am