भोपाल

एमपी में बच्चों पर एक साथ तीन-तीन वायरस का अटैक, मानें डॉक्टर की सलाह

MP News: मौसम में उतार-चढ़ाव के कारण बच्चों में तेजी से वायरस संक्रमण फैल रहा है। इसकी वजह से बच्चों में तेज बुखार, उल्टी-दस्त और बदन में दर्द के मामले बढ़े हैं।
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Sep 02, 2025
Three viruses attack children in MP
Three viruses attack children in MP

MP News: मौसम(MP Weather) में उतार-चढ़ाव के कारण बच्चों में तेजी से वायरस संक्रमण(Virus Attack) फैल रहा है। इसकी वजह से बच्चों में तेज बुखार, उल्टी-दस्त और बदन में दर्द के मामले बढ़े हैं। चिकित्सकों के अनुसार कॉक्ससैकी वायरस, रेस्पिरेट्री वायरस और हेपेटाइटिस ए व ई वायरस के संक्रमण से बच्चे बीमार हो रहे हैं। संक्रमित बच्चों से भोपाल के जेपी और हमीदिया अस्पताल के बच्चा वार्ड फुल हैं। एस समेत अन्य सरकारी अस्पतालों का भी कमोबेश यही हाल है।

माता-पिता की चिंता

  • भारत टाकीज की संगीत शर्मा ने बताया कि बेटे को सांस लेने में तकलीफ हुई तो हमीदिया लाए। तीन दिन की दवा के बाद अब धीरे-धीरे सुधार है।
  • शाहजहांनाबाद की फातिमा ने बताया कि बेटी को अचानक उल्टी और खांसी के साथ तेज बुखार है। हमीदिया की इमरजेंसी में भर्ती किया। अब आराम है।

15 साल से कम उम्र के बच्चे चपेट में

वायरस का संक्रमण(Virus Attack) की वजह से पिछले एक हफ्ते में 15 साल से कम उम्र के साढ़े छह हजार से अधिक बच्चे इलाज के लिए एस, हमीदिया और जेपी जिला अस्पताल पहुंचे। शशु रोग विभाग की इमरजेंसी में 119 बच्चों को भर्ती करना पड़ा। हमीदिया में ढाई हजार बच्चों का इलाज किया गया। इनमें से 217 बच्चों को इमरजेंसी वार्ड में भर्ती किया गया। डॉक्टरों के मुताबिक बच्चों को पूरी तरह से स्वस्थ होने में सात से 10 दिन का समय लग रहा है।

बुखार से तप रहा बदन

सोमवार को हमीदिया अस्पताल के शिशु रोग विभाग की ओपीडी में बच्चों को दिखाने के लिए माता-पिता की लंबी कतारें लगी रहीं। बुखार से तपते बच्चे को गोद में लिए लोग परेशान दिखे। ऑक्सीजन मॉस्क लगाए बच्चे और परिजन इधर से उधर आते-जाते रहे।

परिजनों को सलाह

  • हाथ धोने की आदत डालें, भीड़भाड़ वाली जगहों से दूर रखें
  • बच्चों में किसी भी लक्षण को हल्के में न लें।
  • बाहर के भोजन से परहेज करें।
  • ज्यादा लिक्विड डाइट दें।
  • सूती कपड़े पहनाएं और लक्षण दिखने पर स्कूल न भेजें।

इन 3 वायरस का अटैक

  1. रेस्पिरेटरी सिंसेशियल वायरस (आरएसवी): ज्यादातर बच्चे आरएसवी से संक्रमित हैं। सांस की समस्या, खांसी और तेज बुखार इसके प्रमुख लक्षण हैं।
  2. कॉक्ससैकी वायरस: इससे हैंड-फुट-माउथ डिजीज के कारण मुंह में छाले, हाथ-पांव पर दाने और भूख न लगने के लक्षण हैं।
  3. हेपेटाइटिस ए और ई: दूषित पानी और भोजन से फैलने वाला यह वायरस पीलिया, थकान, उल्टी और पेट दर्द के लिए जिम्मेदार है।

कुछ में डेंगू के लक्षण

गांधी चिकित्सा महाविद्यालय के बाल एवं शिशु रोग विभाग प्रोफेसर डॉ. राजेश टिक्कस ने बताया कि यह संक्रमण एक माह पहले शुरू हुआ था, लेकिन बीते एक सप्ताह में यह काफी बढ़ गया है। सबसे ज्यादा बच्चे आरएसवी से संक्रमित हो रहे हैं। इसके बाद हैंड-फुट-माउथ डिजीज और हेपेटाइटिस से पीड़ित बच्चे अस्पताल पहुंच रहे हैं। कुछ बच्चों में डेंगू के लक्षण भी देखे गए हैं।

Published on:
02 Sept 2025 02:40 pm