
भोपाल/ मंडीदीप। औद्योगिक क्षेत्र से निकलने वाले कचरे का स्थाई निस्पादन की व्यवस्था नहीं होने से कचरे को खुले में फेंका जा रहा है। क्षेत्र में कारखानों के बाहर कचरे के ढेर अक्सर लगे देखे जा सकते हैं। बता दें कि औद्योगिक क्षेत्र में नगर पालिका द्वारा कचरा पेटी तो जगह-जगह रखी गई है, लेकिन नियामित रूप से कचरा नहीं उठाने से पेटीयों के आसपास ही कचरे के ढेर लग जाते है।
ड्रोग संगठन की मांग पर नगर पालिका ने डोर-टू-डोर कचरा उठाने के लिए दो मैजिक ऑटो शुरू भी किए थे, लेकिन कारखानों प्रबंधनों के स्वचछता के प्रति गैर जिम्मेदाराना रवैया के होने के कारण वह कारखानों से निकलने वाले कचरे को सडक़ पर ही फेंक देते हैं।
इससे क्षेत्र का गंदगी फैलती है और वहीं सडक़ों पर घूमने वाले आवारा मवेशी इस कचरे को इधर उधर फैला देते है। जिससे कई बार यह कचरा सडक़ों पर इधर-उधर फैल जाता है ।कचरा फैले रहने के कारण लोगों गंदगी के बीच से गुजरने के लिए मजबूर है।
यह कचरा सडक़ों पर इधर-उधर फैल जाता है
ऐसे कारखाना मालिकों पर होनी चाहिए कार्रवाईऔद्योगिक क्षेत्र में कारखानों से निकलने वाले कचरे को खुले में फेंकना नियम विरुद्ध है। बिना निस्पादित किए कचरे को फेंकने वाले कारखाना स्वामियों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए।
इस संबंध में उद्योग संगठन के सचिव नीरज जैन कहते हैं कि कारखानों से निकलने वाले बेस्ट को खुले में फेंकना गलत है, अगर ऐसा हो रहा है तो उसे समझाइस दी जाएगी। इसके बाद भी कचरा फेंकता है तो उसके खिलाफ हेल्थ एण्ड सेफ्टी विभाग को कार्रवाई करनी चाहिए।
- औद्योगिक क्षेत्र में सामान्य कचरे के लिए जगह-जगह कचरा पेटी रखी गई हैं, इसके अलावा दो ऑटो भी प्रतिदिन कंपनियों में डोर-टू-डोर कचरा उठाने जाते हैं, इसके बाद भी कारखानों का कचरा खुले में फेंका जाता है तो , उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
राजेश श्रीवास्तव, सीएमओ मंडीदीप