भुवनेश्वर

ओडिशा के खनिज अधिकारों पर घमासान: नवीन पटनायक ने की MMDR संशोधन वापस लेने की मांग, बोले- 12000 करोड़ का होगा नुकसान

Naveen Patnaik's letter to CM: बीजू जनता दल के प्रमुख और ओडिशा विधानसभा में विपक्ष के नेता नवीन पटनायक ने मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी को पत्र लिखकर MMDR संशोधन को वापस लेने की मांग की है। उन्होंने राज्य के खनिज संसाधनों पर संवैधानिक अधिकारों और संभावित राजस्व नुकसान को लेकर चिंता जताते हुए विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने का आग्रह किया है।
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Naveen Patnaik on MMDR Amendment
BJD प्रमुख नवीन पटनायक (फोटो- naveenpatnaik.in)

Naveen Patnaik on MMDR Amendment: संसद में हाल ही में पास हुए माइंस एंड मिनरल्स (डेवलपमेंट एंड रेगुलेशन) यानी MMDR संशोधन कानून को लेकर ओडिशा की राजनीति गरमा गई है। ओडिशा विधानसभा में विपक्ष के नेता और पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी को पत्र लिखकर विधानसभा का विशेष सत्र तुरंत बुलाने की मांग की है। पटनायक ने मांग की है कि इस विशेष सत्र में सर्वसम्मति से एक प्रस्ताव पास किया जाए, जिसमें केंद्र सरकार के MMDR संशोधन को वापस लेने और खनिज संसाधनों पर राज्य के संवैधानिक अधिकारों को बहाल करने की बात कही जाए।

सुप्रीम कोर्ट की 9 जजों की बेंच के फैसले का जिक्र

मुख्यमंत्री को लिखे अपने पत्र में नवीन पटनायक ने याद दिलाया कि कैसे माइनिंग कंपनियों ने खनिज संपदा और माइनिंग वाली जमीनों पर टैक्स लगाने के राज्यों के संवैधानिक अधिकार को कोर्ट में चुनौती दी थी। उन्होंने बताया कि उनकी BJD सरकार ने ओडिशा के इस संवैधानिक अधिकार की रक्षा के लिए हाई कोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक लंबी कानूनी लड़ाई लड़ी थी। इसके बाद, मौजूदा सरकार ने भी सुप्रीम कोर्ट में माइनिंग कंपनियों के खिलाफ राज्य का पक्ष मज़बूती से रखा।

नवीन पटनायक ने कहा कि इन्हीं सामूहिक प्रयासों की वजह से सुप्रीम कोर्ट की नौ जजों की संविधान पीठ ने ओडिशा के पक्ष में ऐतिहासिक फैसला सुनाया था और माइनिंग कंपनियों के दावों को खारिज कर दिया था।

12,000 करोड़ रुपये का सालाना नुकसान: नवीन पटनायक

BJD प्रमुख ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले ने ओडिशा के लिए बकाया हजारों करोड़ रुपये वसूलने और लगभग 12,000 करोड़ रुपये का सालाना राजस्व जुटाने का रास्ता साफ कर दिया था। यह राजस्व राज्य के विकास और युवाओं के बेहतर भविष्य के लिए बहुत जरूरी था। उन्होंने याद दिलाया कि फैसले के बाद राज्य सरकार ने भी इस बात पर उच्च स्तरीय चर्चा की थी कि इस धन का उपयोग जनता के कल्याण के लिए कैसे किया जाए।

माइन मालिकों के फायदे के लिए संशोधन पास करने का आरोप

संसद में पास हुए नए कानून पर कड़ी आपत्ति जताते हुए पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने कहा कि MMDR संशोधन का पास होना पूरे देश के लिए एक झटका है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह संशोधन माइनिंग कंपनियों को फायदा पहुंचाने के लिए लाया गया था, जिससे ओडिशा से उसकी खनिज संपदा पर टैक्स लगाने का संवैधानिक अधिकार छिन गया। नवीन पटनायक ने आरोप लगाया कि ओडिशा के 20 BJP सांसदों ने संसद में इस संशोधन का समर्थन किया, जो राज्य के हित में नहीं था।

विशेष सत्र की मांग

नवीन पटनायक ने मुख्यमंत्री मोहन माझी से आग्रह किया कि वे सदन के नेता के तौर पर अपनी नैतिक जिम्मेदारी निभाते हुए विधानसभा का विशेष सत्र बुलाएं। उन्होंने कहा कि BJD ओडिशा के संवैधानिक अधिकारों और राज्य के युवाओं के भविष्य से जुड़े मुद्दों पर मजबूती से खड़ी रहेगी। उन्होंने सभी दलों से राज्य के हित में एकजुट होने और केंद्र सरकार से उस कानून को तुरंत वापस लेने की मांग करने का आह्वान किया।

Updated on:
20 Sept 2026 08:03 pm
Published on:
20 Sept 2026 08:03 pm