Bijnor Crime: केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की गाजियाबाद टीम ने प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक के शाखा प्रबंधक समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। बैंक मैनेजर 6 लाख का लोन पास करने के बदले रिश्वत की पहली किश्त 30 हजार रुपए ले रहा था। तभी रंगे हाथों पकड़ा गया। गाजियाबाद की विशेष सीबीआई अदालत ने दोनों आरोपियों को शुक्रवार को जेल भेज दिया है।
Bijnor Crime News: यूपी के बिजनौर जिले के नगीना क्षेत्र निवासी सचिन कुमार के अनुसार- मैंने प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) के तहत 6 लाख रुपए के लोन के लिए आवेदन किया। ये लोन आगे की स्वीकृति के लिए प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक कोटकादर शाखा में लंबित था। लोन स्वीकृत करने के बदले शाखा मैनेजर प्रियांशु त्यागी मुझसे 60 हजार रुपए की रिश्वत मांग रहे थे।
गाजियाबाद CBI की एंटी करप्शन यूनिट ने 8 अगस्त को ये केस दर्ज कर लिया। CBI टीम ने जाल बिछाया और आरोपी मैनेजर व उसके सहयोगी निजी व्यक्ति को 30 हजार रुपए रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
CBI प्रवक्ता ने बताया कि दोनों आरोपियों के आवासीय परिसरों की तलाशी ली गई। इसमें आपत्तिजनक दस्तावेज और अन्य सामान बरामद हुआ है। आरोपियों को शुक्रवार को गाजियाबाद की विशेष सीबीआई अदालत में पेश करके जेल भेज दिया गया है।