Bijnor News: बिजनौर शहर कोतवाली में किन्नरों के दो गुटों के बीच थाने में हुई मारपीट और हंगामे के बाद एसपी अभिषेक झा ने लापरवाही के आरोप में शहर कोतवाल धर्मेंद्र सोलंकी को सस्पेंड कर दिया।
SP Suspends Inspector Bijnor: बिजनौर शहर कोतवाली में किन्नरों के दो गुटों के बीच हुआ विवाद अब पुलिस विभाग के लिए बड़ी कार्रवाई का कारण बन गया है। दो साल से चल रहे क्षेत्रीय वर्चस्व के विवाद ने मंगलवार को उस समय उग्र रूप ले लिया जब दोनों पक्ष थाने परिसर में ही आमने-सामने आ गए। मारपीट और हंगामे की इस घटना को गंभीरता से लेते हुए एसपी अभिषेक झा ने शहर कोतवाल धर्मेंद्र सोलंकी को लापरवाही के आरोप में निलंबित कर दिया। इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।
हल्दौर थाना क्षेत्र के झालू निवासी किन्नर मुस्कान और रेशमा उर्फ शाहिद का रानी पक्ष से पिछले दो वर्षों से क्षेत्र के बंटवारे को लेकर विवाद चल रहा था। दोनों गुट अपने-अपने प्रभाव क्षेत्र को लेकर लगातार आमने-सामने आते रहे हैं। कई बार सार्वजनिक स्थानों पर भी टकराव की स्थिति बनी। हाल ही में हीमपुर दीपा थाना क्षेत्र में भी दोनों गुटों के बीच मारपीट हुई थी, जिसमें एक पक्ष पर वाहन में तोड़फोड़ और फायरिंग करने तक के आरोप लगे थे।
मंगलवार को रानी पक्ष ने शहर कोतवाली में रेशमा उर्फ शाहिद के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। रेशमा पक्ष भी दोपहर के समय थाने में मौजूद था। इसी दौरान चार गाड़ियों में सवार होकर मुस्कान और शाहिद पक्ष के अन्य लोग कोतवाली पहुंच गए। देखते ही देखते दोनों गुट आमने-सामने आ गए और थाने के भीतर ही तीखी नोकझोंक के बाद हाथापाई शुरू हो गई। आरोप है कि शाहिद पक्ष ने रानी पक्ष के साथ मारपीट की, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया।
थाने परिसर में हो रहे हंगामे को नियंत्रित करने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। बीच-बचाव के दौरान कुछ लोगों की पुलिसकर्मियों से भी नोकझोंक हुई। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए किन्नर रानी की तहरीर पर मुस्कान, रेशमा समेत 12 किन्नरों और दो युवकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। सभी 14 आरोपियों का शांतिभंग में चालान कर एसडीएम कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। हालांकि बुधवार को सभी को जमानत मिल गई।
पूरे घटनाक्रम को गंभीर मानते हुए एसपी अभिषेक झा ने जांच के बाद शहर कोतवाल धर्मेंद्र सोलंकी को निलंबित कर दिया। आरोप है कि पूर्व से चले आ रहे विवाद के बावजूद उचित सतर्कता नहीं बरती गई और थाने में मारपीट जैसी घटना हो गई। पुलिस प्रशासन का मानना है कि यदि पहले से प्रभावी कदम उठाए जाते तो थाने में इस तरह की स्थिति पैदा नहीं होती। इस कार्रवाई को विभाग में अनुशासनात्मक संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
शहर कोतवाली में अब अफजलगढ़ थाना प्रभारी रामप्रताप सिंह को नया कोतवाल नियुक्त किया गया है। वहीं रेहड़ थाना प्रभारी बिजेंद्र राठी को अफजलगढ़ का प्रभारी बनाया गया है। प्रभारी विशेष जांच प्रकोष्ठ निरीक्षक राजीव कुमार वर्मा को प्रभारी निरीक्षक रेहड़ की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस प्रशासनिक फेरबदल को कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।