बिजनोर

सवर्ण समाज के लोगों ने एससी-एसटी कानून में संशोधन का विरोध कर मोदी सरकार को दी गंभीर चेतावनी

एससी-एसटी एक्ट में संशोधन के विरोध में मोदी सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतरा सवर्ण समाज।
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Updated: 6 Sep 2018, 2:53 PM IST
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बिजनौर। थाना कोतवाली शहर क्षेत्र में गुरुवार को सैकड़ों सवर्ण समाज के लोगों ने इकट्ठा होकर एससी/एसटी एक्ट के विरोध में नगरपालिका चौराहे पर प्रदर्शन करते हुए बीच सड़क पर धरना दिया। बाद में समाज के लोगों ने डाक घर के चौराहे पर एससी-एसटी कानून में संशोधन का पुतला फूंककर विरोध किया। साथ ही सवर्ण समाज के लोगों ने प्रदेश सरकार और केंद्र सरकार को चेतावनी दी कि अगर जल्द ही इस बिल को वापस नहीं लेती तो इस समाज में सभी वर्ग के लोग सड़क पर उतरकर सरकार के खिलाफ उग्र आंदोलन करेंगे।

दरअसल भारत बंद के आह्वान पर जहां एक तरफ बिजनौर में बंद मिला जुला असर रहा तो वहीं अखिल भारतीय क्षत्रिय सभा के बैनर तले सैकड़ों सवर्ण समाज के लोगों ने इकट्ठा होकर नगर पालिका चौराहे पर प्रदर्शन कर एससी/एसटी एक्ट के कानून में बदलाव को लेकर केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए बीच सड़क पर जाम लगाते हुए धरने पर बैठ गए।

बाद में इन लोगों ने जुलूस की शक्ल में कलेक्ट्रेट पहुंच कर एक ज्ञापन जिला प्रशासन को दिया। इस प्रदर्शन में सभी अलग-अलग सामाजिक संगठनों ने मिलकर एससी/एसटी एक्ट का पुतला भी फूंका। साथ ही कानून वापस न करने पर उग्र आंदोलन की धमकी भी दी। इस दौरान सुरक्षा के मद्देनजर भारी तादात में बिजनौर शहर सहित पूरे जनपद में पुलिस बल तैनात किया गया है।

आपको बता दें कि 20 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने एससी-एसटी एक्ट में के तत्काल गिरफ्तारी वाले नियम को बदलते हुए राजपत्रित अधिकारी रैंक के अफसर सीओ या डीएसपी से एक सप्ताह के अंदर जांच कराने के बाद ही आगे की कार्रवाई होगी। बाद में इस फैसले को मोदी सरकार ने संसद में विधेयक लाकर पलट दिया।

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