
रोहिणी घावरी ने दिल्ली पहुंचते ही चंद्रशेखर आजाद पर बोला हमला
Rohini Ghavri on Chandrashekhar Azad: स्विट्जरलैंड में पढ़ाई पूरी करने के बाद करीब छह साल में भारत लौटीं डॉ. रोहिणी घावरी ने दिल्ली पहुंचते ही नगीना सांसद और आजाद समाज पार्टी के प्रमुख चंद्रशेखर आजाद पर तीखा हमला बोला। रोहिणी ने कहा कि चंद्रशेखर आजाद के साथ उनकी कानूनी लड़ाई चल रही है और मामला अदालत में है। अब उन्हें अगली तारीख का इंतजार है, जहां वह अपना पक्ष मजबूती से रखेंगी। रोहिणी ने दावा किया कि चंद्रशेखर आजाद को जेल जाना पड़ेगा और उन्हें जेल जाने से कोई नहीं रोक सकता। उनके इस बयान के बाद दोनों के बीच चल रहे विवाद को लेकर राजनीतिक और सामाजिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
दिल्ली में मीडिया से बातचीत के दौरान रोहिणी ने चंद्रशेखर आजाद के खुद को अंबेडकरवादी बताने पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि अंबेडकरवादी व्यक्ति न्याय और महिलाओं के सम्मान की बात करेगा। उनका आरोप है कि उनके साथ अन्याय हुआ है।रोहिणी ने कहा कि अगर कोई न्याय के लिए लड़ाई लड़ता है तो उसे किसी दूसरे के साथ अन्याय नहीं करना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि उनके साथ हुए कथित अन्याय की बात देश के सामने आ चुकी है। उन्होंने चंद्रशेखर आजाद पर निशाना साधते हुए कहा कि दलितों का मसीहा कभी शोषण करने वाला नहीं हो सकता। रोहिणी ने यह भी कहा कि उनके मुताबिक चंद्रशेखर नेता बनने के योग्य नहीं हैं।
स्विट्जरलैंड में पढ़ाई पूरी करने के बाद भारत लौटने पर रोहिणी सबसे पहले दिल्ली के वाल्मीकि मंदिर पहुंचीं। उन्होंने मंदिर में आशीर्वाद लिया। इस दौरान दक्ष चौधरी और अक्कू पंडित ने उनका स्वागत किया। रोहिणी ने बताया कि उनकी करीब 17 घंटे की लंबी फ्लाइट थी और दिल्ली पहुंचने के बाद वह अपने लोगों के बीच मिलने आई हैं। उन्होंने कहा कि आगे की रणनीति पर वह लोगों से बातचीत के बाद फैसला करेंगी।
चंद्रशेखर आजाद के खिलाफ कार्रवाई को लेकर पूछे गए सवाल पर रोहिणी ने कहा कि मामला अदालत में है और कानूनी प्रक्रिया के जरिए ही आगे बढ़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि अगली तारीख पर वह अपना पक्ष मजबूती से रखेंगी। रोहिणी ने यह भी स्पष्ट किया कि फिलहाल उनका ध्यान अपने सामाजिक कामों को आगे बढ़ाने पर है। उनका अपना फाउंडेशन है और इसके जरिए वह कई मुद्दों पर काम करने की बात कह रही हैं।
भारत लौटने के बाद रोहिणी ने सफाई कर्मचारियों से जुड़े मुद्दों को अपनी प्राथमिकताओं में शामिल किया है। उन्होंने कहा कि हरियाणा में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल चल रही है और वह वहां जाकर उनके मुद्दों को समझेंगी। उनका कहना है कि आने वाले समय में सामाजिक मुद्दों पर काम को और आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने लोगों से कहा कि अगले छह महीनों में उनके काम का असर देखने को मिलेगा।
निशु आजाद मामले को लेकर भी रोहिणी ने चंद्रशेखर आजाद पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि चंद्रशेखर इस मामले को इसलिए उठा रहे हैं क्योंकि निशु उनकी जाति से हैं। रोहिणी ने कहा कि चंद्रशेखर को पूरे दलित समाज का नेता कहना ठीक नहीं है और उनके मुताबिक वह एक जाति विशेष के मुद्दों तक सीमित हैं। इसके उलट उन्होंने कहा कि वह व्यापक स्तर पर दलित समाज और सामाजिक मुद्दों पर काम करने की दिशा में आगे बढ़ेंगी।
Updated on:
11 Sept 2026 06:40 pm
Published on:
11 Sept 2026 06:30 pm
