बीकानेर तकनीकी विश्वविद्यालय ने इंजीनियरिंग कॉलेज के कर्मचारियों की मदद करने से अब पल्ला झाड़ लिया है। एेसे में दो माह से वेतन नहीं मिलने से ईसीबी के कर्मचारी काफी निराश है। अभियांत्रिकी महाविद्यालयों की कमजोर आर्थिक स्थिति को सुधारने को लेकर पिछले साल जयपुर में बैठक हुई।
बीकानेर. बीकानेर तकनीकी विश्वविद्यालय ने इंजीनियरिंग कॉलेज के कर्मचारियों की मदद करने से अब पल्ला झाड़ लिया है। एेसे में दो माह से वेतन नहीं मिलने से ईसीबी के कर्मचारी काफी निराश है। अभियांत्रिकी महाविद्यालयों की कमजोर आर्थिक स्थिति को सुधारने को लेकर पिछले साल जयपुर में बैठक हुई।
बैठक में निर्णय हुआ था कि इंजीनियरिंग कॉलेज बीकानेर को बीकानेर तकनीकी विश्वविद्यालय 1.5 करोड़ रुपए उधार देगा या नहीं, इस पर बीटीयू की फाइनेंस कमेटी व बोम की बैठक निर्णय लेंगी। पिछले माह बीटीयू की फाइनेंस कमेटी की बैठक हुई थी, जिसमें कुलपति ने बताया कि बीटीयू के पास पर्याप्त फंड नहीं है।
इस सम्बन्ध में कुलपति ने सरकार व तकनीकी शिक्षा विभाग को पत्र भी लिखा है। कुलपति ने बताया कि पर्याप्त फंड नहीं होने से ईसीबी को रुपए उधार नहीं दिए जा सकते है। वेतन के लिए तरस रहे कॉलेज के कर्मचारी, कॉलेज प्रशासन व कुलपति के साथ विभाग के मंत्री से भी कुछ समय पहले गुहार लगा चुके है।
तकनीकी शिक्षा मंत्री ने कर्मचारियों को वेतन दिलवाने व आर्थिक स्थिति सुधार करने के लिए आश्वासन दिया था, लेकिन कर्मचारियों को अभी तक किसी तरह की राहत नहीं मिल पाई है। अब भी वे विभागों के बीच में फुटबॉल बने हुए है।
इनका कहना है
पिछले माह वित्त समिति की बैठक हुई थी। बीटीयू के पास पर्याप्त फंड नहीं है, इसलिए सरकार को वापिस पत्र लिखकर भेज दिया है।
प्रो. एच.डी.चारण, कुलपति, बीकानेर तकनीकी विश्वविद्यालय
दो माह से टीचिंग व नॉनटीचिंग कर्मचारियों को वेतन नहीं मिला है। बीटीयू व सरकार वेतन दे तो कर्मचारियों की परेशानी दूर होगी।
जयप्रकाश भाम्भू, प्राचार्य, इंजीनियरिंग कॉलेज बीकानेर