
CG Crime News: बिलासपुर जिले के तखतपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत चितावर गांव में एक ही रात में 17 बकरा-बकरियों की संदिग्ध मौत से हड़कंप मच गया है। घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है और ग्रामीणों में दहशत के साथ आक्रोश का माहौल भी है। मिली जानकारी के अनुसार, ये सभी मवेशी गांव के किसान प्रेमलाल बिरको के थे। सुबह जब वह अपने पशुओं को देखने पहुंचे तो एक साथ बड़ी संख्या में बकरा-बकरियों के शव देखकर उनके होश उड़ गए।
घटना की गंभीरता तब और बढ़ गई जब मृत पशुओं का निरीक्षण किया गया। कई पशुओं के पेट फटे हुए पाए गए, वहीं शरीर पर गहरे चोट के निशान भी मिले हैं। इन हालातों को देखते हुए ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि यह सामान्य मौत नहीं, बल्कि किसी अज्ञात व्यक्ति या समूह द्वारा की गई क्रूर हरकत हो सकती है। इस घटना से पीड़ित किसान प्रेमलाल बिरको को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है।
हालांकि, पुलिस और वन्यजीव विशेषज्ञ इस मामले को लेकर सतर्कता से जांच कर रहे हैं। कुछ पशुओं के शरीर पर पंजों के निशान मिलने से जंगली जानवर, खासकर हायना (लकड़बग्घा) जैसे शिकारी के हमले की आशंका भी जताई जा रही है। आसपास के क्षेत्र में पहले भी जंगली जानवरों की गतिविधियां देखी गई हैं, लेकिन इतनी बड़ी संख्या में एक साथ पशुओं का मारा जाना पहली बार हुआ है।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मृत पशुओं के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि पीएम रिपोर्ट के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मौत के पीछे की वजह किसी व्यक्ति द्वारा की गई क्रूरता या फिर जंगली जानवर का हमला है।
पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और घटनास्थल के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। आशंका जताई जा रही है कि, जंगली जानवर का हमला या आपसी रंजिश में पशुओं को नुकसान अथवा अन्य किसी आपराधिक साजिश जैसे बिंदुओं पर जांच की जा रही है।
बकरा-बकरियों की मौत का मामला सामने आया है। प्रथमदृष्ट्या कुछ पशुओं के शरीर पर चोट और पंजों के निशान मिले हैं। सभी एंगल से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारण स्पष्ट हो पाएंगे। - मधुलिका सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, ग्रामीण