
Chhattisgarh Crime News: मजदूरी करने यूपी गया युवक शार्टकट तरीके से लखपति बनने के लिए अवैध काम करना शुरू कर दिया। दरअसल यूपी से लौटने के बाद युवक नशे का बड़ा तस्कर बन गया और शहर में बेखौफ इसकी सप्लाई करने लगा। (Bilaspur News) इधर पुलिस को जब इसकी भनक लगी तो इस पूरे रैकेट का पर्दाफाश किया है। नशीली दवाओं के अवैध कारोबार में पुलिस ने आरोपी समेत उसके पिता और एक रिश्तेदार को दबोचा है।
यह पूरा मामला सीपत थाना क्षेत्र का है। नशीली दवाओं की अवैध कारोबार की सूचना पर पुलिस ने आरोपी मुकेश लोनिया के घर पर दबिश दी। इस दौरान घर से 20 लाख रुपए कीमती 4,750 प्रतिबंधित नशीली गोलियां बरामद की है। नशीली दवाओं का खेप ट्रेन से शहर पहुंचने का दावा किया जा रहा है। पुलिस अब मामले में एंड-टू-एंड कार्रवाई करने का दावा कर रही है।
एडिशनल एसपी ग्रामीण मधुलिका सिंह ने बताया कि, एसीसीयू की टीम को सूचना मिली कि ग्राम गुड़ी में बड़े पैमाने पर नशीली दवाइयों की बिक्री की जा रही है। लोनिया पारा निवासी मुकेश लोनिया अपने घर पर प्रतिबंधित दवाओं को छिपाकर रखा है। पुलिस की टीम ने तलाशी के दौरान बैग में भरकर रखी गई भारी मात्रा में प्रॉक्सिको स्पास और अल्प्राविन की टैबलेट बरामद किया। जिनका कुल वजन करीब 2.5 किलोग्राम था।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी मुकेश लोनिया (20) कुछ समय पहले मजदूरी के लिए उत्तर प्रदेश गया था। उसकी पहचान नशे के कारोबारियों से हो गई। वापस गांव लौटकर उसने अपने पिता उग्रसेन लोनिया (60) और रिश्तेदार परमेश्वर लोनिया उर्फ कोंदा (20) के साथ मिलकर यहां नशीली गोलियां बेचना शुरू कर दिया।
मुख्य आरोपी मुकेश इससे पहले भी जेल जा चुका है। पुलिस ने बताया कि दो साल पहले कोनी था में मुकेश के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई थी। वहीं एक बार फिर नशे की अवैध कारोबार के मामले में पकड़ाया है। पुलिस ने बताया कि रैकेट से जुड़े अन्य लोगों की भी तलाश की जा रही है। यूपी में और कौन कौन लोग जुड़े हुए हैं पुलिस पूछताछ के बाद कार्रवाई करेगी।