Bilaspur News: नवरात्रि पर्व और बढ़ती गर्मी के मद्देनजर बिलासपुर जिले में खाद्य सुरक्षा विभाग ने सघन जांच अभियान शुरू कर दिया है।
CG News: नवरात्रि पर्व और बढ़ती गर्मी के मद्देनजर बिलासपुर जिले में खाद्य सुरक्षा विभाग ने सघन जांच अभियान शुरू कर दिया है। कलेक्टर संजय अग्रवाल और नियंत्रक खाद्य सुरक्षा के निर्देश पर चल रहे इस अभियान में अलग-अलग टीमों द्वारा खाद्य प्रतिष्ठानों, मंदिरों और पानी प्लांटों की जांच की जा रही है।
जांच के दौरान सीपत स्थित गंगोत्री मिनरल एंड वाटर प्लांट में बड़ी अनियमितता सामने आई। यहां से पानी की बोतलों का विधिक नमूना लिया गया। निरीक्षण में पाया गया कि उत्पादों पर आवश्यक जानकारी जैसे निर्माण तिथि अंकित नहीं थी। साथ ही भ्रामक लेवलिंग थी। इस पर कार्रवाई करते हुए विभाग ने 1 लीटर की 210 पेटियां (प्रत्येक में 12 बोतल), 250 एमएल की 3030 बोतलें और 250 एमएल के 29,100 पानी पाउच को सीज कर दिया। अधिकारियों ने इसे मिथ्याछाप (भ्रामक लेबलिंग) का मामला माना है।
इसी क्रम में रतनपुर स्थित मां महामाया मंदिर में भी विशेष जांच की गई। नवरात्रि के दौरान श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रसाद कक्ष का निरीक्षण किया गया। यहां प्रसाद की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए खाद्य पदार्थों के नमूने लिए गए और परीक्षण के लिए भेजे गए। मंदिर प्रबंधन को ‘भोग प्रमाणन’ (सर्टिफिकेट) लेने के लिए आवश्यक प्रक्रियाओं की जानकारी भी दी गई। बाहर लगी दुकानों के प्रसादों की भी जांच की गई।
इसके अलावा दो अन्य फर्मों को भी सुधार के लिए नोटिस जारी किया गया है। टीम ने सेवई, साबूदाना, अरहर और चना दाल के नमूने भी जांच के लिए एकत्र किए। आर.आर. देवांगन (डीओ) खाद्य विभाग के मार्गदर्शन में वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी खीर सागर पटेल एवं खाद्य सुरक्षा अधिकारी अविषा मरावी और प्रतीक तिवारी की टीम ने विभिन्न स्थानों पर निरीक्षण कर कार्रवाई की।
मंदिर परिसर के बाहर लगे ठेले और गुमटियों की भी जांच की गई। इस दौरान कुछ दुकानों में अखाद्य रंग का उपयोग कर चाट तैयार करते पाया गया। टीम ने मौके पर ही ऐसे खाद्य पदार्थों को नष्ट कराया और संचालकों को सख्त चेतावनी दी। खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान लगातार जारी रहेगा। इसका उद्देश्य आम लोगों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है, जिससे लोगों की तबीयत खराब न हो। खासकर त्योहार और गर्मी के मौसम में जब खाद्य पदार्थों की खपत तेजी से बढ़ती है।
नवरात्रि और गर्मी के मौसम को देखते हुए जिले में विशेष सघन जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य आम नागरिकों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है। निरीक्षण के दौरान जहां भी अनियमितताएं पाई जा रही हैं, वहां नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है और संबंधित संचालकों को सुधार के निर्देश दिए जा रहे हैं।
पानी प्लांट में लेबलिंग संबंधी गंभीर त्रुटियां मिलने पर बड़ी मात्रा में सामग्री को सीज किया गया है, जबकि अन्य प्रतिष्ठानों से भी नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं। रतनपुर स्थित मां महामाया मंदिर में प्रसाद की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए सैंपलिंग की गई है, ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित प्रसाद मिल सके। - आर आर देवांगन, डीओ, खाद्य एवं औषधि प्रशासन