पुरानी फिल्मों में विलेन का किरदार दर्शको को काफी ज्यादा पंसद आता था। जितना जबरदस्त विलेन का किरदार फिल्मों में होता था। हीरो का किरदार भी उसी पर निर्भर करता था। उन्ही विलन में से एक शातिर बदमाश इंस्पेक्टर गोडबोले उर्फ सदाशिव अमरापुरकर भी थे। चलिए जानते हैं एक्टर के बारें में…
सदाशिव अमरापुरकर को किसी पहचान की जरुरत नहीं हैं। एक जमाने में बिना विलेन के फिल्म अधूरी सी लगती थी। वहीं उस जमाने में कुछ मशहूर विलेन हुआ करते थे। उनमें से एक सदाशिव अमरापुरकर का भी नाम आता था। अपनी बेहतरीन अदाकारी से लाखों लोगों के दिलों में अपनी अलग पहचान बनाया था।
उनको जब लोग फिल्मी पर्दे पर देखते थे तो अलग से ही उनके प्रति लोगों की प्रतिक्रिया रहती थी। ऐसा लगता था कि सच में वह बहुत बड़े विलेन है। वह किसी भी किरदार में जैसे जान डाल देते थे।लोग उन्हें पर्दे पर ही बुड़ा भी कहते थे और उनकी तारीफ भी करते थे। ऐसा इसलिए क्योंकि लोग उनकी शानदार अभिनय देख कर यह भूल जाते थे कि वह एक्टिंग कर रहे हैं या सच में ऐसे हैं।
सदाशिव को काला नाग के नाम से भी जाना जाता है! एक फिल्म में उन्होंने काला नाग नाम के विलेन का किरदार निभाया था।जिसमें वह बार-बार खुद को काला नाग कह रहे थे। इसलिए लोगों के बीच में उनका यही नाम प्रसिद्ध हो गया। बता दे कि उनका जन्म एक व्यवसाई परिवार में हुआ! मगर उनका सपना एक्टिंग करने का था। इसलिए उन्होंने थिएटर से अपनी शुरुआत की।
वह थिएटर करते- करते ही एक्टिंग में काफी ज्यादा माहिर हो गए। फिर क्या था उन्होंने अपनी एक्टिंग से लोगों में जबरदस्त अपनी पहचान बनाई।सदस्यों ने कई फिल्मों में पुलिस इंस्पेक्टर की भूमिका भी निभाई हैं। बता दे कि एक्टर अब हमारें बीच नहीं हैं। कई लोग यह बात नहीं जानते हैं लेकिन सदाशिव की मुत्यु 2014 में 64 साल की आयु में हो गई थी।फेफड़ों में सूजन की वजह से उन्हें कोकिलाबेन धीरूभाई अंबानी हॉस्पिटल में एडमिट कराया गया था। जिसके बाद उनका देहांत हो गया।