बॉलीवुड

जब महात्मा गांधी ने देखी अपने जीवन की पहली और आखिरी फिल्म

महात्मा गांधी दक्षिण अफ्रिका से वतन वापसी की तैयारी में थे तो, उसी समय भारत में फिल्म इंडस्ट्री का उदय हो रह था
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Updated: 2 Oct 2018, 12:29 PM IST
mahatma Gandhi
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राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की आज 2 अक्टूबर को जयंती है। महात्मा गांधी पर बॉलीवुड में कई फिल्में भी बनी हैं। फिल्म 'गांधी' सुपरहिट रही। लेकिन क्या आपको पता है कि महात्मा गांधी ने अपने जीवन में सिर्फ एक फिल्म देखी थी। जब महात्मा गांधी दक्षिण अफ्रिका से वतन वापसी की तैयारी में थे तो, उसी समय भारत में फिल्म इंडस्ट्री का उदय हो रह था। महात्मा गांधी दक्षिण अफ्रिका में अपने अंतिम राजनीतिक फैसले ले रहे थे, उसी वक्त भारत में पहली फिल्म 'राजा हरिश्चंद्र' का प्रीमियर हो रहा था।

फिल्मों के प्रति उदासीन थे गांधी:
महात्मा गांधी को फिल्मों से ज्यादा लगाव नहीं था। हालांकि कई फिल्मकारों ने उनको फिल्मों की ताकत और समाज पर होने वाले इसके सकारात्मक प्रभाव के बारे में समझाने की कोशिश की, लेकिन वे फिल्मों के प्रति उदासीन रहें।

पूरे जीवन में देखी एकमात्र फिल्म:
अपने जीवन में गांधी ने जो एकमात्र फिल्म देखी, वो थी 'राम राज्य'। यह फिल्म वर्ष 1943 में रिलीज हुई थी। बता दें कि गांधी भारत में राम राज्य की बातें किया करते थे और उनसे प्रभावित होकर ही निर्देशक विजय भट्ट ने यह फिल्म बनाई थी। 'राम राज्य' फिल्म को साल 1944 में खास महात्मा गांधी को दिखाने के लिए चुना गया। कई निर्माताओं को उम्मीद थी कि इस फिल्म के बाद उनका फिल्मों के प्रति नजरिया बदलेगा, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।

रशीद किदवई की किताब में जिक्र:
पत्रकार रशीद किदवई की किताब में भी फिल्मों के प्रति महात्मा गांधी की उदासीनता का जिक्र है। उन्होंने अपनी किताब में लिखा हैं कि 1927 में भारतीय सिनेमा के 25 साल पूरे होने के अवसर पर महात्मा गांधी से उनकी शुभकामना संदेश के लिए पत्र भेजा गया। इस पर गांधी जी के सचिव महादेव देसाई ने जवाब देते हुए लिखा कि महात्मा गांधी को फिल्मों में रूचि नहीं है, उनसे इस मामले में कोई राय नहीं मांगी जानी चाहिए।

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