वहीं अब परिवार के वकील विकास सिंह (Vikas Singh) ने कहा है कि रिया चक्रवर्ती चुपचाप सुशांत सिंह राजपूत को इस तरह का बैन ड्रग दे रही थीं। वो अवैध काम कर रही थीं जिसके लिए उनकी गिरफ्तारी की जानी (Rhea arrest demand) चाहिए।
नई दिल्ली | सुशांत सिंह राजपूत केस (Sushant Singh Rajput case) में लगातार एक नया राज सामने आता चला जा रहा है। अब तक इस मामले में कई अहम बातें सामने आ चुकी हैं। हाल ही में सामने आया ड्रग एंगल (Drug angle in sushant case) सबसे ज्यादा हैरान करने वाला बना हुआ है। फिटनेस फ्रीक रहने वाले सुशांत को क्या जानबूझकर ड्रग्स दिया जा रहा था? क्या उन्हे मानसिक और फिजिकली तौर पर कमजोर किया गया? इस तरह के कई सवाल खड़े किए जा रहे हैं। रिया की ड्रग चैट (Rhea drug chat) सामने के बाद सुशांत के परिवार ने कहा था कि हमें इस बात का शक पहले से ही था। लेकिन इतने हाई लैवल का ड्रग दिया जा रहा था इसकी जानकारी नहीं थी। वहीं अब परिवार के वकील विकास सिंह (Vikas Singh) ने कहा है कि ये पता लगना बहुत जरूरी है कि चुपचाप सुशांत को इस तरह का ड्रग दिया जा रहा था।
टाइम्स नाऊ द्वारा रिवील की गई रिया चक्रवर्ती की ड्रग चैट से ये साफ है कि वो ड्रग डीलिंग (Rhea drug dealing) में शामिल थी। अब सुशांत के परिवारिक वकील ने ये आरोप लगाया है कि वो अवैध काम कर रही थीं जिसके लिए उनकी गिरफ्तारी की जानी (Rhea arrest demand) चाहिए। अब चैट सामने आने के बाद किसी सबूत की जरूरत नहीं है। ये अपने आप में एक बड़ा सबूत है। उनके वकील कहते हैं कि रिया ने कभी ड्रग का सेवन नहीं किया। लेकिन मुद्दा ये है ही नहीं कि उन्होंने लिया या नहीं बल्कि उन्होंने सुशांत को कैसे दिया? क्या वो सुशांत की जानकारी के बिना उन्हें प्रतिबंधित ड्रग (Rhea used ban drug) दे रही थीं। इस बात का पता लगना बेहद जरूरी है।
विकास सिंह ने आगे कहा कि सुशांत के परिवार द्वारा कराई गई एफआईआर में ड्रग की बात को मेंशन किया गया था। उन्हें ये शक पहले ही था कि सुशांत अक्सर सोता रहता था और रिया पार्टी करने में बिजी रहती थीं। इस बात का अंदाजा था कि कोई ऐसी दवाई दी जा रही है जिसके कारण उनके मानसिक और शारीरिक तौर कई बदलाव हो रहे थे। ऐसा डॉक्टरों की निगरानी में हो रहा है ये लग रहा था। लेकिन चैट सामने आने के बाद साफ हो गया है कि सुशांत को रिया ने ऐसा ड्रग दिया जो बैन है। अब इस केस ने पूरा अलग रूप ले लिया है। ईडी, सीबीआई के अलावा नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (Narcotics Control Bureau) भी इसमें जांच करेगा।
बता दें कि सामने आई चैट में एक मैसेज में लिखा था कि उसे (Him) चाय, कॉफी या पानी में चार बूंद डालकर दे दो और 30-40 मिनट के बाद उसे नशा चढ़ने लगेगा।