अपने ही विधायक बिमला सोलंकी के खिलाफ भाजपा ब्लॉक प्रमुख मनीष भाटी ने खोला मोर्च
बुलंदशहर. लोकसभा चुनाव की तारीख नजदीक आने के साथ ही राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई है। जहां देशभर में भाजपा के खिलाफ गठबंधन और महागटबंधन की तैयारी चल रही है। ऐसे में भाजपा में अपनी ही पार्टी के नेताओं के बीच सिरफुटव्वल का दौर शुरू हो गया है। यूपी के बुलंदशहर मेंं भाजपा नेताओं के बीच फूट चरम पर है। बुलंदशहर के सिकन्द्राबाद भाजपा ब्लॉक प्रमुख मनीष भाटी ने प्रेसवार्ता कर अपनी ही पार्टी की सिकन्द्राबाद विधायक बिमला सोलंकी पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। मनीष का आरोप है कि विधायक बिमला सोलंकी सपा के एक कद्दावर नेता के इशारे पर काम कर रही है, जबकि मनीष भाटी का आरोप है कि उनके विरोध करने के बाद भी सिकन्द्राबाद ब्लॉक पर एक भ्रष्ट एडीओ पंचायत की नियुक्ति की गई। इसमें भी मनीष विधायक की सहमति बता रहे हैं।
आपको बता दें कि सिकन्द्राबाद ब्लॉक में एडीओ पंचायत सुरेंद्र भाटी की नियुक्ति को लेकर मनीष भाटी का ब्लॉक में पिछले कई दिनों से विवाद चल रहा है। इससे पहले एडीओ ने मनीष भाटी पर उनके कार्यलय में ताला डालने का आरोप लगाया था। वहीं, जब इस पूरे प्रकरण पर सिकन्द्राबाद विधायक बिमला सोलंकी से बात की गई तो विधायक ने इस पूरे प्रकरण पर सफाई देते हुए कहा कि मनीष मेरे बेटे जैसा है। मनीष को सपा छोड़कर भाजपा में शामिल हुए अभी कुछ ही महीने हुए हैं। अभी वो भाजपा की विचारधारा को समझ नहीं पाए हैं। उन्हें भाजपा की विचारधारा समझने में टाइम लगेगा, ये कहते हुए विधायक ने सभी आरोपों को ख़ारिज कर दिया।
आरोपों की वजह चाहे जो हो, लेकिन जिस तरह बुलंदशहर में भाजपा नेताओं में फूट नज़र आ रही है, भाजपा के बड़े नेताओं ने अगर इस ओर ध्यान नहीं दिया तो भाजपा को इसका खामियाजा 2019 में उठाना पड़ सकता है।