शिकारपुर तहसील में तारीख के सिलसिले में आए एक पुलिस कर्मी के साथ महिलाओं ने की जमकर पिटाई
बुलंदशहर. ऐसा लगता है कि लखनऊ में फर्जी मुठभेड़ में पुलिस के हाथों मारे गए एप्पल के एरिया सेल्स मैनेजर विवेक तिवारी की हत्या का गुस्सा लोगों के दिमाग से अभी उतरा नहीं है। इसका जीता जागता उदाहरण विवेक तिवारी की हत्या के आरोप में गिरफ्तार सिपाही प्रशांत चौधरी के गृह जिले में वक्त देखने को मिला। बुलंदशहर के शिकारपुर तहसील परिसर में शनिवार 3 बजे एक व्यक्ति तहसील क्षेत्र के किसी गाँव से तारीख के सिलसिले में तहसील में आया हुआ था। यह शख्स दरअसल एक पुलिस वाला था। सिविल ड्रेस में इस पुलिस कर्मी के साथ महिलाओं एवं पुरुष ने घूसों और चप्पलों के साथ जमकर पिटाई शुरू कर दी। पुलिस वाले के इस पिटाई का लाइव नजारा देखने के लिए मौके पर काफी संख्या में भीड़ इकट्ठा हो गई।
जानकारी के मुताबिक पुलिसकर्मी रमेश बदायूं में तैनात है। उनके किसी जमीन का एक वाद शिकारपुर तहसील में चल रहा है, जिसकी तारीख पर पेशी के लिए वे तहसील में आए हुए थे। इसी बीच दूसरे पक्ष की महिलाओं एवं एक पुरुष ने बेख़ौफ़ होकर पुलिसकर्मी की जमकर पिटाई कर दी। जैसे ही मामले की सूचना कोतवाली प्रभारी नरेंद्र शर्मा को मिली तो उन्होंने तत्काल प्रभाव से फैंटम पुलिसकर्मियों को भेज कर पुलिसकर्मी को कोतवाली लेकर ले आए। वहीं, घटना स्थल पर पिटाई करने वाली महिला और पुरुष कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज करने की बात कहकर वहां से गायब हो गए।