कृषि उपज मंडी में परिवहन विभाग द्वारा ट्रैक्टर ट्रॉलियों के चालान बनाना व जब्त करने की कार्रवाई के विरोध में व्यापारियों ने शुक्रवार को मंडी में आई उपज की नीलामी का कार्य नहीं किया।ऐसे में किजान दिन भर परेशान होते रहे।
बूंदी. रामगंजबालाजी. कृषि उपज मंडी में परिवहन विभाग द्वारा ट्रैक्टर ट्रॉलियों के चालान बनाना व जब्त करने की कार्रवाई के विरोध में व्यापारियों ने शुक्रवार को मंडी में आई उपज की नीलामी का कार्य नहीं किया।ऐसे में किजान दिन भर परेशान होते रहे।
जानकारी अनुसार कृषि उपज मंडी से माल परिवहन करके गोदाम तक ओवर लोड ट्रैक्टर ट्रॉली व मोडिफाइड कराई गई ट्रॉलियों के विरोध में यहां पर ट्रक यूनियन द्वारा धरना देकर परिवहन विभाग को चेताया गया था। उसके बाद में परिवहन विभाग द्वारा कार्रवाई करते हुए गुरुवार को लगभग डेढ़ दर्जन ट्रैक्टर ट्रॉली को जब्त करने की कार्रवाई के साथ ही जुर्माना किया था। धरना दूसरे दिन भी जारी रहा।
उसके विरोध में व्यापारियों ने किसानों के धान व अन्य ङ्क्षजसों की नीलामी का कार्य नहीं किया। व्यापारियों ने बताया कि वर्षों से यहां पर मंडी से खरीद किए जाने वाले माल का लदान ट्रैक्टर ट्रॉलियों से गंतव्य स्थान पर किया जा रहा था,लेकिन ट्रक यूनियन के दबाव में आकर परिवहन विभाग ने अचानक कार्रवाई को अंजाम दिया। ऐसे में जब तक परिवहन को लेकर व्यापारियों को कोई राहत नहीं मिलती तब तक माल की खरीद नहीं करेंगे।
किसानों की जुबानी
सुवासा से मंडी में माल लेकर आए किसान अमृतपाल ङ्क्षसह ने बताया कि अब रातभर मंडी में ही रहना पड़ेगा।मंडी में भी आए दिन चोरियां हो रही है। सीसीटीवी कैमरे सभी जगह के बंद पड़े है।ऐसे में किसानों पर अत्याचार हो रहा है। मंडी प्रशासन को व्यापारियों पर कार्रवाई करनी चाहिए। ताकि यह आए दिन मंडी को अपनी निजी लाभ के लिए बंद ना करें।
कई व से उठाते आ रहे हैं मांग
ट्रक यूनियन से जुड़े लोग मंडी से व्यापारियों का माल लदान करके गंतव्य स्थान तक पहुंचाने के लिए ट्रकों से माल परिवहन की मांग करते चले आ रहे हैं, लेकिन व्यापारियों की हठधर्मिता करके ट्रैक्टर ट्रॉली को ही क्षमता से अधिक ट्रकों जितना माल भरकर ले जाने का कार्य किया जा रहा है। ऐसे में ट्रक यूनियन के वाहन खड़े रहने से रोजी-रोटी का संकट गहराने लग गया। ऐसे में उन्होंने भी आंदोलन की राह पकड़ ली।
दोपहर बाद हुआ समझौता
मंडी मंडी में पड़े ङ्क्षजसों की नीलामी का कार्य नहीं होने के बाद में जिला प्रशासन ने पहल करते हुए समझौता कराया है। इसके मुताबिक पूर्व में किए गए समझौते के अनुसार मंडी से फैक्ट्री तक व्यापारियों के स्वयं के माल को उनके ट्रैक्टर ट्रॉली द्वारा ही पहुंचा जाएगा। हम्मालों व अन्य किसी के भी ट्रैक्टर ट्रॉली को किराए पर नहीं लगाया जाएगा। इसके साथ ही फैक्ट्री से गोदाम तक माल पहुंचाने के लिए ट्रकों को व्यापारियों को काम में लेना पड़ेगा। उक्त आदेशों की अवहेलना करने पर ऐसे लोगों के खिलाफ एक लाख का जुर्माना किया जाएगा।
क्रांति कुमार मीणा, मंडी सचिव, कृषि उपज मंडी कुंवारती, बूंदी