स्वायत शासन विभाग द्वारा जारी दिशा निर्देशों के तहत नगरपालिका द्वारा वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान के अंतर्गत पालिका प्रशासन द्वारा देर शाम को अटल सरोवर पर दीपदान कर आमजन को जल संरक्षण के लिए जागरूक किया और जल स्रोतों के संरक्षण एवं संवर्धन का संदेश दिया गया। इस अवसर पर पालिका प्रशासन द्वारा शहर में विभिन्न जन जागरूकता एवं जल संरक्षण संबंधित गतिविधियों का आयोजन किया गया। नगरपालिका अधिशासी अधिकारी प्रवीण कुमार शर्मा ने बताया कि वंदे गंगा जल सरक्षंण अभियान के तहत नगरपालिका क्षेत्र के बस स्टैंड, अस्पताल परिसर एवं रेलवे स्टेशन क्षेत्र में सार्वजनिक पानी की प्याऊ लगवाई गई।

कापरेन. स्वायत शासन विभाग द्वारा जारी दिशा निर्देशों के तहत नगरपालिका द्वारा वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान के अंतर्गत पालिका प्रशासन द्वारा देर शाम को अटल सरोवर पर दीपदान कर आमजन को जल संरक्षण के लिए जागरूक किया और जल स्रोतों के संरक्षण एवं संवर्धन का संदेश दिया गया। इस अवसर पर पालिका प्रशासन द्वारा शहर में विभिन्न जन जागरूकता एवं जल संरक्षण संबंधित गतिविधियों का आयोजन किया गया।
नगरपालिका अधिशासी अधिकारी प्रवीण कुमार शर्मा ने बताया कि वंदे गंगा जल सरक्षंण अभियान के तहत नगरपालिका क्षेत्र के बस स्टैंड, अस्पताल परिसर एवं रेलवे स्टेशन क्षेत्र में सार्वजनिक पानी की प्याऊ लगवाई गई। सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग नहीं करने के लिए आमजन को जागरूक किया और प्लास्टिक से होने वाले पर्यावरण से अवगत करवाते हुए कपड़े के थैले का उपयोग करने के लिए प्रेरित किया गया।
देर शाम को अटल सरोवर श्री रामघाट पर दीपदान किया गया। दीपदान कार्यक्रम का शुभारंभ अधिशासी अधिकारी प्रवीण कुमार शर्मा ने दीप प्रज्वलित कर किया। श्रीरामघाट घाट पर श्रमदान कर साफ सफाई की गई एवं कार्यक्रम में मौजूद लोगों को वंदे गंगा जल संरक्षण की शपथ दिलवाई गई। अभियान में नगरपालिका अधिशासी अधिकारी सहित पालिका कार्मिक, सफाई कर्मचारी एवं नरेगा कर्मचारी मौजूद रहे।
गोठड़ा. वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान एवं अमृतं जलम् अभियान के तहत ग्राम गोठड़ा स्थित प्राचीन बावड़ी में श्रमदान कर साफ-सफाई अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान ग्रामीणों ने बावड़ी में जमा कूड़ा-करकट, पूजा अपशिष्ट, खरपतवार, काई एवं अन्य सामग्री को बाहर निकालकर उसका उचित निस्तारण किया। इस अवसर पर प्रशासक राखी झंवर, ग्राम विकास अधिकारी फूंदीलाल सैनी, कनिष्ठ सहायक हरपाल बैरवा, नेहरू युवा मंडल अध्यक्ष भगवान नाथ, शंभू सैन, संगीता सहित बड़ी संख्या में ग्रामवासियों ने उत्साहपूर्वक श्रमदान किया।
सभी ने मिलकर प्राचीन जल स्रोत को स्वच्छ एवं संरक्षित बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। इस दौरान जल संरक्षण एवं पारंपरिक जल स्रोतों के महत्व पर भी चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि जल स्रोतों का संरक्षण समय की आवश्यकता है तथा जनसहभागिता से ही इन्हें पुनर्जीवित किया जा सकता है। श्रमदान के माध्यम से ग्रामीणों ने जल संरक्षण का संदेश देते हुए जल स्रोतों की नियमित देखभाल एवं स्वच्छता बनाए रखने का संकल्प लिया।