बूंदी

वाराणसी से बूंदी आकर मूक विमंदित बेटे से मिलकर भावुक हुई मां

प्रियंका गांधी की वजह से ही हमारा बिछुड़ा हुआ बेटा मिल गया। शुक्रवार को कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव व उत्तर प्रदेश की प्रभारी प्रियंका गांधी के सहयोग से अपने बिछड़े हुये मूक विमंदित बेटे के पास वाराणसी से बूंदी पहुंची गरीब बेबस मां मीता सोनकर के यह कहते हुए रो पड़ी।
less than 1 minute read
• •
Jul 03, 2021
वाराणसी से बूंदी आकर मूक विमंदित बेटे से मिलकर भावुक हुई मां
वाराणसी से बूंदी आकर मूक विमंदित बेटे से मिलकर भावुक हुई मां

बूंदी. प्रियंका गांधी की वजह से ही हमारा बिछुड़ा हुआ बेटा मिल गया। शुक्रवार को कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव व उत्तर प्रदेश की प्रभारी प्रियंका गांधी के सहयोग से अपने बिछड़े हुये मूक विमंदित बेटे के पास वाराणसी से बूंदी पहुंची गरीब बेबस मां मीता सोनकर के यह कहते हुए रो पड़ी।
20 दिन से अधिक समय से अपनी मां से दूर वाराणसी के रहने वाले मूक विमंदित युवक राजेश सोनकर ने शुक्रवार को बूंदी जिला कांग्रेस कार्यालय में अपनी मां को देखा तो पहले तो एक बार तो वह ठिठक गया। फिर कुछ देर बाद जैसे ही मां ने उसका नाम पुकारा वह मां को पकडकऱ गले लग गया। हाथों के इशारे से ही जोर से अपनी बात को समझाने की कोशिश करने लगा। वाराणसी में जूस का ठेला लगाकर बमुश्किल गुजर-बसर करने वाली मीता सोनकर ने बताया कि कई दिनों पहले उनका इकलौता बेटा राजेश घर नहीं लौटा। बेटा राजेश बोल नहीं सकता था इसलिये उसके हाथ में नाम पते के साथ वाराणसी भी लिखवा दिया था।
कुछ दिनों पहले राजेश के बूंदी में होने की सूचना मिली थी। सहायता के लिये वीडियो के माध्यम से कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव गांधी से मदद मांगी थी। उनकी मदद से आज वह अपने बेटे से मिल सकी। कांग्रेस के प्रवासी सहायता प्रभारी चर्मेश शर्मा ने इसमें उनकी मदद की। बूंदी आई मां को कांग्रेस कार्यालय में साड़ी भी ओढाई। बाद में उसे बेटे के साथ घर भेजने का प्रबंध किया।

Published on:
03 Jul 2021 06:04 pm