नगरपरिषद क्षेत्र में शीघ्र ही अवैध कॉलोनियों में कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए प्रशासन ने नोटिस जारी किए है, जिसका जवाब देने की शुक्रवार को अंतिम तिथि है। वहीं प्रशासन की कार्रवाई की सूचना पर अवैध भूखण्ड विक्रेताओं में हडकम्प मचा हुआ है।
बूंदी. नगरपरिषद क्षेत्र में शीघ्र ही अवैध कॉलोनियों में कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए प्रशासन ने नोटिस जारी किए है, जिसका जवाब देने की शुक्रवार को अंतिम तिथि है। वहीं प्रशासन की कार्रवाई की सूचना पर अवैध भूखण्ड विक्रेताओं में हडकम्प मचा हुआ है।
जानकारी अनुसार प्रशासक रामकिशोर मीना ने कार्यवाहक आयुक्त धर्मेन्द्र मीना को शहर में अवैध निर्माण एवं कॉलोनियों का सर्वे कर नोटिस जारी करने के निर्देश दिए थे, जिस पर नगरपरिषद प्रशासन ने शहर में अब तक 15 अवैध कॉलोनी विक्रेताओं को नोटिस जारी किए है। एवं बीस अवैध निर्माण को भी चिह्नित किया है। इनको नगरपरिषद की ओर से नोटिस जारी कर कृषि भूमि में कॉलोनी काटे जाने को लेकर तीन दिन में जवाब मांगा गया था, जिसकी अंतिम तिथि शुक्रवार है। इसके बाद प्रशासन की ओर से निर्माण ध्वस्त करने की कार्रवाई की जाएगी। शहर में सबसे अधिक अवैध कॉलोनियां छत्रपुरा रोड, बीबनवा रोड, माटूंदा रोड पर है, तथा काफी संख्या में लोगों के निर्माण भी चल रहे है और मकान भी बन चुके है। कॉलोनी का नियमन नहीं होने एवं पट्टा नहीं होने के बावजूद भी जलदाय विभाग एवं विद्युत निगम द्वारा कनेक्शन तक जारी किए जा चुके है।
हाइवे पर भरमार
गत दिनों सुप्रीम कोर्ट ने राजमार्ग के मध्य से 75 मीटर के दायरे में होने वाले निर्माण को अवैध बताया था। इसके बाद भी राजमार्ग प्राधिकरण एवं नगर परिषद की अनदेखी से कई निर्माण हो चुके है और कई होटलों का निर्माण जारी है। हाल ही गत दिनों कुछ होटल का उद्घाटन भी हुआ है। जबकि हिण्डोली मोड़ से जजावर तक हाइवे पर 75 मीटर के दायरे में आने वाले निर्माण व होटल पर कार्रवाई की जा चुकी है।
कोई भी नगर परिषद में आकर नियमन हो चुकी कॉलोनियों के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकता है। सर्वे कर अवैध कॉलोनी विक्रेताओं को नोटिस जारी किए है, इनमें से अधिकांश के जवाब नहीं मिले है। वहीं कुछ अवैध निर्माण कर्ताओं को चेतावनी नोटिस जारी किए है। आदेश मिलते की उक्त निर्माण को ध्वस्त किया जाएगा।
धर्मेन्द्र मीना, अधिशासी अभियंता, नगर परिषद, बूंदी
क्रेता खुद जिम्मेदार
अगर किसी ने कॉलोनी का नियमन होने से पहले कृषि भूमि में भूखण्ड खरीदा है और उस पर निर्माण किया है। इसका क्रेता खुद जिम्मेदार होगा। प्रशासन उन सब पर कार्रवाई करेगा। इसलिए क्रेता अच्छी तरह जांच पड़ताल करने के बाद भी किसी प्रकार की सम्पति
क्रय करें।
रामकिशोर मीना, प्रशासक, नगरपरिषद, बूंदी