जिले के गांवों में गर्मी का असर तेज होते ही पेयजल संकट से हालात बिगडऩे लगे हैं।
भण्डेडा. जिले के गांवों में गर्मी का असर तेज होते ही पेयजल संकट से हालात बिगडऩे लगे हैं। ग्रामीणों में रोष बढऩे लगा है। ग्राम पंचायत गुढ़ासदावर्तिया के बिजंता गांव में गुरुवार को पेयजल संकट से आक्रोशित ग्रामीणों ने स्थानीय वार्ड पंच को डेढ़ घंटे तक रस्सी से बांधे रखा। समस्या समाधान के आश्वासन के बाद पंच को खोला गया। ग्रामीण राम सिंह हाड़ा, लक्ष्मण सिंह, हनुमान पासवान, बजरंग सिंह, उदालाल गुर्जर व छोटूलाल पासवान ने बताया कि बिजंता गांव में लगभग दस हैंडपम्प है, जिनमें से एक ही चालू है। इसमें भी पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं आता है। राजपूत मोहल्ले में एक नलकूप लगा हुआ है, जिसमें भी पानी नाम मात्र का ही आता है।
तीरथनाथ के स्थान पर लगा नलकूप भी दो माह से खराब है। ऐसे में गांव में पेयजल संकट की स्थिति बनी हुई है।
महिलाओं को तीन से चार किमी दूर से पानी लाना पड़ रहा है। कई बार ग्राम पंचायत को समस्या अवगत करवाया, लेकिन समस्या दूर नहीं हुई। सभी ग्रामीण गुरुवार को पानी की टंकी के पास एकत्र हुए और पेयजल संकट को लेकर रोष जताते हुए वार्ड पंच रामधन गुर्जर को मौके पर बुलाया। उससे समस्या समाधान की मांग की तो उसने सन्तोषजनक जवाब नहीं दिया। इस पर ग्रामीणों ने पंच को पानी की टंकी से रस्सी से बांध दिया। बाद में समस्या समाधान का आश्वासन देने पर डेढ़ घंटे बाद उसे खोला। वार्ड पंच गुर्जर ने बताया कि ग्रामीणों की समस्या जायज है। इस मामले को पंचायत की बैठक में प्रमुखता से उठाया जाएगा। इधर सरपंच खुशबू चौपदार ने बताया कि पानी की समस्या से जलदाय विभाग को अवगत करा रखा है।
दूरदराज से जुटाना पड़ रहा पानी
बांसी. कस्बे में पिछले 20 दिन से हो रही अपर्याप्त जलापूर्ति के चलते लोगो को गम्भीर पेयजल समस्या का सामना करते हुए दूर दराज से पीने का पानी जुटाना पड़ रहा है।
जानकारी के अनुसार यहां जन स्वास्थ्य अभियांत्रिक विभाग की बन्द पड़ी नलकुपों से भी जलापूर्ति शुरू हो जाने के बाद भी पिछले 20 दिन से गड़बड़ाई जलापूर्ति व्यवस्था में सुधार नहीं हो पा रहा है। विभाग द्वारा कभी एक दिन तो कभी दो दिन के अंतराल में भी महज 10 मिनिट अपर्याप्त जलापूर्ति की जा रही है। ऐसे में लोगों को पेयजल समस्या का सामना करते हुए दूर दराज से पीनेे का पानी जुटाना पड़ रहा है।
कांग्रेस जिला सचिव अवधेश जैन, सुनील सिंघल, हरिमोहन शर्मा, लोकेश शर्मा ने बताया की गत वर्ष सरकार द्वारा लोगो को शुद्ध पेयजल उपलब्ध करवाने को लेकर लाखों रुपए की लागत से कस्बे में पानी की टंकियों, पम्प हाउस व जलश्रोतों का निर्माण करवा कर योजना शुरू तो करवा दी लेकिन इसका का कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है। अभियांत्रिक विभाग के कनिष्ठ अभियन्ता दिनेश गोचर ने बताया की विभाग कि एक और नलकूप में भी मोटर लगवाने का कार्य किया जा रहा है। सभी नलकुपो में मोटर लगाकर जल्दी ही पेयजल आपूर्ति को सुचारु करने के प्रयास किए जा रहे है।