बुरहानपुर

ब्लीचिंग फैक्ट्रियां चल रही थी अवैध, 8  में से 4 की काटी बिजली, एक मिली बंद

- प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अफसर बोले लाइसेंस के लिए दिया आवेदन लगाने का समय- जलीय जीवों को पहुंचा रहे नुकसान
2 min read
 Bleaching factories were running illegally, 4 out of 8 electricity cut, one was shut down
Bleaching factories were running illegally, 4 out of 8 electricity cut, one was shut down

बुरहानपुर. शहर में आधा दर्जन से अधिक ब्लीचिंग फैक्ट्रियां अवैध रूप से चलती पाई गई। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अफसरों ने इन्हें लाइसेंस के आवदेन लगाने के लिए समय भी दिया, इसके बाद भी फैक्ट्री मालिकों ने ध्यान नहीं दिया। बोर्ड के निर्देश मिले की आठ फैक्ट्रियों के कनेक्शन काटे जाए। इसके बाद बुधवार को बिजली कंपनी ने इनके कनेक्शन काटने की कार्रवाई की।
कपड़ा ब्लीचिंग कारखानों का प्रदूषित पानी नालियों और नालों के माध्यम से बाहर छोडऩे की शिकायत करने के बाद प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और उद्योग विभाग के अफसरों ने ५ दिसंबर को जांच की थी। जहां कारखानों पर कपड़ा धुलाई के बाद निकलने वाला प्रदूषित पानी बाहर नालों में दिखाई दिया। जिसकी रिपोर्ट तैयार कर आगे की कार्यवाही की गई। ४ के कनेक्शन काटे गए, जबकि १ फैक्ट्री बंद मिली।
बिना इटीपी प्लांट के चल रहे थे कारखाने
कपड़ा ब्लीचिंग कारखानों पर निरीक्षण के दौरान अधिकांश कारखाने में प्रदूषित पानी को साफ करने वाली इटीपी प्लांट नहीं मिला। कारखानों पर कपड़ा धुलाई के बाद निकलने वाले प्रदूषित पानी को सीधे बिना साफ किए ही नालियों में छोड़ा जा रहा था। जांच में इनके पास प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का लाइसेंस तक नहीं मिला।
अधिकारी ने माना कि बाहर बह रहा पानी
कपड़ा ब्लीचिंग कारखाना का निरीक्षण के दौरान अफसरों ने माना था कि ब्लीचिंग कारखाना में कपड़ा धुलाई के बाद पानी को सीधे नालियों के माध्यम से बाहर छोड़ा जा रहा है। यह दूषित पानी सीधे नाली के माध्यम से होते हुए ताप्ती नदी में भी मिल रहा हे। इससे जलीय जीवों को नुकसान पहुंच रहा है।
इनी फैक्ट्रियों के काटे बिजली कनेक्शन
बिजली कंपनी के अनुसार बोर्ड के निर्देश मिलने के बाद ८ फैक्ट्रियों पर कार्रवाई बुधवार को की। इसमें रहीस अहमद मोहम्मद शरीफ अंसार नगर की ब्लीचिंग फैक्ट्री उपयोग बंद कर दिया, इसलिए यहां की लाइन नहीं काटी गई। इंडियन ब्लीच, प्रिमियम ब्लीचिंग फैक्ट्री, सूरजमुखी ब्लीचिंग, रहीस अख्तर ब्लीचिंग फैक्ट्री का कनेक्शन काटा है। जबकि ग्रामीण क्षेत्र में आने वाली भगवानदास चुन्नीलाल गणपति नाका, सैयद अखिल मेहमूद बहादरपुर रोड, नीतिन अग्रवाल ब्लीचिंग छोटा बोरगांव के भी नाम कार्रवाई के लिए दिए गए।
यह बोले बोर्ड के अफसर
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अफसर का कहना है कि इनके पास बोर्ड का लाइसेंस नहीं था। पंद्रह दिन का समय दिया था अवेदन करें, आवेदन नहीं किया। जल वायु सम्मति प्राप्त नोटिस भी दिया था। कार्यवाही नहीं की, इसलिए बिजली कनेक्शन काटने की कार्रवाई की गई। ब्लीचिंग जलीय जीवों को नुकसान पहुंचाता है। इसे ट्रीट कर छोडऩा चाहिए। पावरलूम पर बनने वाला कपड़े की ब्लीचिंग से धुलाई होती है।
- आठ ब्लीचिंग फैक्ट्रियों के कनेक्शन काटने के निर्देश थे, हमारे क्षेत्र में आने वाली ४ के कनेक्शन काट दिए, एक बंद मिली। बाकी ग्रामीण क्षेत्र की है।
- आमेर कुरैशी, शहर संभाग यंत्री बिजली कंपनी
- बिना लाइसेंस के अवैध ब्लीचिंग फैक्ट्रियां चल रही थी, बिजली कनेक्शन काटने के निर्देश दिए है।
- एसएन पाटिल, क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण बोर्ड
बीयू०५११: जांच के दौरान बाहर बहता मिला था दूषित का पानी।

Published on:
06 Mar 2020 06:02 am